ग्रीष्मकालीन कला कार्यशाला के समापन पर छात्रा को सम्मानित करते कुलपति।
अयोध्या। अवध विश्वविद्यालय के ललित कला विभाग में आयोजित 20 दिवसीय ग्रीष्मकालीन कला कार्यशाला का सोमवार को भव्य समापन प्रदर्शनी एवं पुरस्कार वितरण समारोह के साथ हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कुलपति डॉ. बिजेंद्र सिंह रहे। उन्होंने कहा कि कला केवल कैनवास या रंगों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मानव जीवन की गहरी अनुभूतियों और समाज का प्रतिबिंब है।
विश्वविद्यालय के आवासीय परिसर स्थित अर्थशास्त्र एवं ग्रामीण विकास विभाग के सेमिनार हॉल में आयोजित कार्यक्रम में 80 विद्यार्थियों ने तैयार कलाकृतियों की प्रदर्शनी लगाई। कुलपति ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र एवं पुरस्कार वितरित किए। 8 से 27 मई तक चली कार्यशाला में विद्यार्थियों ने प्रिंट मेकिंग, वुडकट और लिनो-कट जैसी तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया। कार्यक्रम में प्रो. आशुतोष सिन्हा, प्रो. विनोद कुमार श्रीवास्तव सहित अनेक शिक्षक उपस्थित रहे। कार्यशाला का संचालन संयोजक डॉ. सरिता द्विवेदी ने किया और धन्यवाद ज्ञापन मुख्य प्रशिक्षक डॉ. रीमा सिंह ने दिया। लखीमपुर की हर्षिता सिंह और मानसी मौर्या ने विशेष प्रतिभागी के रूप में भाग लिया।