अयोध्या। मंडलायुक्त राजेश कुमार ने चौदह कोसी परिक्रमा मार्ग के कार्य में देरी और गुणवत्ता की कमी पर नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। मंगलवार को मुख्यमंत्री डैशबोर्ड के अंतर्गत संचालित विभिन्न विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक में उन्होंने ये निर्देश दिए।
जल जीवन मिशन के तहत सभी जिलाधिकारियों को एक माह में कार्यदायी संस्थाओं से गुणवत्ता प्रमाण-पत्र प्राप्त करने को कहा गया। जननी सुरक्षा योजना में अयोध्या की द्वितीय श्रेणी पर संतोष व्यक्त करते हुए लाभार्थियों को समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। फैमिली आईडी की समीक्षा में अयोध्या और अमेठी के बेहतर प्रदर्शन की सराहना हुई। अन्य जनपदों को अपनी श्रेणी सुधारने के निर्देश दिए गए। पर्यटन विभाग को सुल्तानपुर, अंबेडकरनगर और रायबरेली मार्ग पर बनाए जा रहे प्रवेश द्वारों सहित सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय में पूरे करने को कहा गया। नई सड़क निर्माण परियोजनाओं में भी श्रेणी सुधारने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत अमेठी में लंबित टेंडर प्रक्रिया एक सप्ताह में पूर्ण करने का निर्देश दिया गया। बैठक में पुलिस उपमहानिरीक्षक सोमेन बर्मा, जिलाधिकारी अयोध्या शशांक त्रिपाठी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर सहित मंडल के सभी जिलों के अधिकारी ऑनलाइन जुड़े।
मंडलायुक्त ने सहकारिता केंद्रों पर उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने गोशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने और जलभराव की समस्या का समाधान करने पर जोर दिया। चरागाह विकसित करने तथा राजस्व अभिलेखों को नियमित रूप से अद्यतन करने के निर्देश भी दिए गए। आईजीआरएस में लंबित शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। बाल स्वास्थ्य कार्यक्रमों के तहत शत-प्रतिशत बच्चों का समय पर टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।