फोटो-48 एसडीएम श्रेया को मांग पत्र देते बीकापुर तहसील के अधिवक्ता।
बीकापुर। यूजीसी के नए प्रावधानों को अधिवक्ता समाज विरोध में उतर चुका है। बार एसोसिएशन इकाई बीकापुर की बुधवार को हुई आपात बैठक में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के नए कानून के प्रावधान और नीतियों को लेकर आक्रोश जताया गया। अधिवक्ताओं ने इसे काला कानून बताते हुए कहा कि इससे जातीय वैमनस्यता पैदा होगी। यूजीसी की नई नीतियों को शिक्षा की स्वायत्तता, गुणवत्ता और समान अवसरों के लिए गंभीर चुनौती बताते हुए इसे तत्काल वापस लेने की मांग की गई है। इस मौके पर अध्यक्ष राम यादव, उपाध्यक्ष श्रीकांत त्रिपाठी, कोषाध्यक्ष राम बचन पांडेय, मंत्री देवी दयाल मिश्रा, लेखा परीक्षक बृजेश तिवारी, सदानंद पाठक, पुष्पेंद्र मिश्रा, अरुण मिश्रा, दिनेश पांडेय, प्रवीण कुमार, श्याम सुंदर कनौजिया सहित तहसील के तमाम अधिवक्ता शामिल रहे। अंत में एसडीएम श्रेया के माध्यम से राष्ट्रपति को तीन सूत्री मांग पत्र भेज कर काले कानून को वापस लिए जाने की मांग की गई है।