फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ayodhya News: बच्चों से भीख मंगवाने के दोषी को 28 साल आठ माह का कारावास

Tue, 09 Sep 2025 10:19 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
विज्ञापन
विज्ञापन
अयोध्या। बच्चों का अपहरण कर भीख मंगवाने मामले में दोषी पाए गए अभियुक्त जितेंद्र मिश्रा को 28 वर्ष आठ माह के कारावास से दंडित किया गया है। अभियुक्त पर 1.15 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया गया है। यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश/एफटीसी द्वितीय विजय कुमार विश्वकर्मा ने सुनाया है। जुर्माना की संपूर्ण धनराशि पीड़िता को समान रूप से देने का आदेश पारित किया गया है।
विज्ञापन

अभियोजन के अनुसार सीतापुर के सिधौली क्षेत्र के भडिया गांव निवासी जितेंद्र मिश्रा अयोध्या के गोला बाजार में कंठी, माला और चंदन की दुकान लगाता था। 26 अगस्त, 2023 को सुबह गोलाघाट निवासी अंकुर पांडेय, नारायण व श्याम जी शरण मंदिर दर्शन करने जा रहे थे। रास्ते में हजारा मंदिर के पास जितेंद्र मिश्रा अवयस्क बच्चों राधिका, रागिनी व विष्णु से जबरन भीख मंगवा रहा था। उसे ऐसा करने से रोका गया तो वह गाली-गलौज करते हुए मारपीट करने लगा। बच्चों की तबियत खराब होने पर उन्हें श्रीराम अस्पताल में भर्ती कराया गया। गोसेवक अंकुर पांडेय की तहरीर पर 27 अगस्त को एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाने में मुकदमा दर्ज किया गया।
पीड़िता अवयस्क किशोरी राधिका ने अदालत में बताया कि उसके पापा का जहर खाने से निधन हो गया है। मम्मी पागल हो गई हैं। अदालत में खड़े आरोपी जितेंद्र की पहचान करते हुए बयान दिया कि वह उसे स्टेशन पर रखकर जबरन भीख मंगवाता था। बहन रागिनी व भाई विष्णु को वह उसके घर से ले आया था। अभियोजन ने तर्क दिया कि बिहार के मधेपुरा जिले के पुलौत गांव निवासी संतोष स्वर्णकार के बच्चों काे भीख मंगवाने के लिए जितेंद्र ने अपहरण किया। न्यायाधीश ने अभियुक्त को बच्चों से भीख मंगवाने के अपराध में तीन साल के कारावास और एक लाख रुपये जुर्माना, बच्चों से क्रूर व्यवहार के मामले में दो साल के कारावास, मानव तस्करी के मामले में 14 साल के कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माना, भीख मंगवाने के लिए बच्चों का अपहरण करने के अपराध में आठ साल के कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माना, मारपीट के मामले में छह माह के कारावास, हमला करने के अपराध में दो माह के कारावास और गाली-गलौज के अपराध में एक साल के कारावास की सजा से दंडित किया है। सभी सजाएं साथ-साथ चलने के आदेश के कारण अभियुक्त को अधिकतम 14 साल जेल में बिताने पड़ेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें