मुंसिफी के पास स्थित मोहल्ला बनारसीदास के लोग घरों के बाहर लंबे समय से भरे गंदे व बदबूदार जलभराव से परेशान हैं। तहसील दिवस से लेकर नगर पालिका प्रशासन तक आवाज उठाने के बाद भी आज तक समस्या जस की तस बनी हुई है। वहीं लोगों को जलभराव से संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा सता रहा है।
मुंसिफी रोड स्थित मोहल्ला बनारसीदास में एक साल से लोग जलभराव की समस्या का सामना करने को मजबूर हैं।
मोहल्ला निवासी हरी किशन, सूर्य प्रकाश दीक्षित, ओम प्रकाश गुप्ता, विकास, अविनाश, लाल सिंह, शुभम, आयुष, सिद्धार्थ, राम सेवक, शैलू, राजू, ओम नारायण, शिवराम, किशन सिंह, देवेंद्र कुमार, सूरमा देवी, चंद्रकली, सरला, रागिनी ने बताया कि लंबे समय से मोहल्ले में जल निकासी की व्यवस्था न होने से जलभराव की स्थिति बनी हुई है।
जलभराव को लेकर तहसील दिवस से लेकर नगर पालिका तक गुहार लगाई जा चुकी है। बावजूद इसके अधिकारी आते हैं और समस्या देखकर चले जाते हैं। आज तक निदान करने की जहमत नहीं उठाई गई।
बताया कि घर से निकलने पर सड़कों पर भरे गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। छोटे-छोटे बच्चों को इसी गंदे पानी से होकर जाना पड़ता है, जिससे संक्रामक बीमारियां फैलने की आशंका बनी रहती है। वहीं महीनों से सड़क पर भरे गंदे पानी में अब काई उतराती दिखाई देने लगी हैं।
खास बात यह है कि बरसात के दिनों में यह समस्या और भी गंभीर हो जाती है। सड़कों पर आसपास क्षेत्र के नालों से आया गंदा पानी भरने के बाद बरसात होने पर यह पानी घरों के अंदर भर जाता है, जिससे समस्या और भी गंभीर हो जाती है।
नहीं हो रही सुनवाई- वार्ड की समस्या गंभीर है। जलभराव समस्या को लेकर पालिका प्रशासन को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है। इस दिशा में पालिकाध्यक्ष से वार्ता कर समस्या का समाधान कराया जाएगा। कमला देवी, वार्ड सभासद