औरैया। पिछले दिनों हुई बारिश के बाद लगातार बदल रहे मौसम के कारण लोग खांसी-जुकाम के साथ वायरल बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। उन्हें कमजोरी और शरीर में तेज दर्द हो रहा।
जिला अस्पताल की ओपीडी में बुखार, सर्दी और जुकाम से पीड़ित 100 से ज्यादा मरीज रोजाना दवा लेने के लिए आ रहे हैं। डॉक्टर उन्हें दवा के साथ बीमारी से बचाव के सुझाव भी दे रहे हैं।
जिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. मंजू सचान ने बताया कि बारिश के मौसम में वायरल बुखार के मरीजों की संख्या में हर साल इजाफा होता है। इस मौसम में वातावरण में नमी और तापमान में बदलाव के कारण वायरस और बैक्टीरिया अधिक सक्रिय हो जाते हैं।
उमस और गर्मी से परेशान लोग धूप में कम समय बिताते हैं। वहीं, खानपान में बदलाव उनकी इम्युनिटी को कमजोर कर देता है। इससे भी वायरल संक्रमण लोगों को अपनी चपेट में ले लेता है।
उन्होंने बताया कि बारिश के कारण दूषित पानी और भोजन का सेवन भी वायरल बुखार का एक कारण है। बुखार के साथ सर्दी जुकाम से पीड़ित काफी मरीज आ रहे हैं। जिला अस्पताल में रोजाना 100 से ज्यादा मरीज बुखार के पहुंच रहे हैं। वायरल बुखार में मरीज के शरीर में दर्द ज्यादा हो रहा है। मरीज को कमजोरी भी आ रही है।
बुखार दो तरह का हो रहा
डॉक्टरों के अनुसार वायरल बुखार मरीजों में दो प्रकार का देखा जा रहा है। किसी मरीज को सर्दी के साथ बुखार आता है, तो किसी मरीज को बुखार तो आता है, लेकिन उसे सर्दी नहीं लगती है। कई मरीजों को बुखार के साथ सर्दी और जुकाम की भी शिकायत हो रही है।
वायरल से बचाव की सलाह
- स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।
- कुछ छूने से पहले हाथों को बार-बार धोएं।
- फ्रिज के पानी से परहेज करें और सादा पानी उबालकर पीएं।
- घर की रसोई में पका ताजा भोजन करें। बाजार के खाद्य पदार्थों से परहेज करें।
- बुखार आने पर डॉक्टर की सलाह के बाद ही दवा का सेवन करें।