औरैया। बरसात शुरू होते ही सब्जियों के दामों में तेजी देखने को मिली है। लगभग 20 दिनों में सब्जियां दो से तीन गुना तक महंगी हो गई है। इतना ही आलू भी बेकाबू हो चुका है। अब आलू को हरी सब्जी में मिला देना सामान्य लोगों के वश की बात नहीं रही। इसकी कीमत 35 से 40 रुपये तक जा पहुंची है।
महंगाई के कारण आम आदमी की थाली से सब्जियां गायब होती जा रही हैं। इस बार आलू ने 40 रुपये प्रति किलो पहुंचकर रिकार्ड बना लिया है। अन्य सब्जियों का हाल भी कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है। लोग किलो के बजाय पाव में सब्जियां खरीदने लगे हैं। इधर टमाटर ने भी इस बार शतक मार लिया है। सब्जियों को स्वाद देने वाली धनिया और मिर्च भी बेकाबू हैं। सब्जियों में यह तेजी अधिक समय से नहीं बल्कि लगभग 15 से 20 दिनों में देखने को मिली है। अचानक बढ़े सब्जियों के दामों से हर कोई परेशान हैं।
सब्जी विक्रेता मुन्ना ने बताया कि मंडी से सब्जियां अधिक दामों में मिल रही है। जिस कारण फुटकर में महंगाई देखने को मिल रही है। हर रोज कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। इधर मंडी आढ़ती संजय शुक्ला ने बताया कि बरसात के चलते मंडी में सब्जियों की आवक कम हो गई है। यही कारण है कि सब्जियों के दाम बढ़ रहे है, तो वहीं गर्मी और उमस के कारण भी सब्जियां तेजी से खराब हो रही है।
दामों में तेजी का एक कारण यह भी है। एक सब्जी विक्रेता ने बताया कि मंडी में सब्जी किलो के हिसाब से थोक में खरीदी जाती है। उसमें से कुछ किलो सब्जी खराब निकल जाती है। जिससे दाम बढ़ जाता है। सब्जियों की आवक अधिक होने और गुणवत्ता ठीक होने पर ही दामों में कमी देखने को मिल सकती है। व्यापारी बताते है कि अभी सब्जियों के दामों में और तेजी देखने को मिल सकती है।
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सब्जियों के दाम (रुपये प्रति किलो)
सब्जी
वर्तमान कीमत
20 दिन पहले
आलू
35 से 40 रुपये
15 से 20 रुपये
भिंडी
40 रुपये
30 रुपये
बेगन
40 रुपये
20 रुपये
खीरा
40 रुपये
25 से 30 रुपये
टमाटर
80 से 100 रुपये
20 से 30 रुपये
शिमला मिर्च
120 से 130 रुपये
60 से 70 रुपये
कच्चा केला
40 रुपये
30 रुपये
कुदरू
60 रुपये
30 रुपये
परमल
20 रुपये
40 रुपये
फूल गोभी
40 रुपये का एक
20 रुपये का एक
कद्दू
40 रुपये
20 रुपये
घुइयां
50 रुपये
30 रुपये
तरोई
50 रुपये
20 रुपये
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महंगाई ने बिगाड़ा बजट
फोटो06एयूआरपी 11- मंगला शुक्ला
बरसात के शुरुआती दिनों में सब्जियों के दामों में बेतहाशा तेजी देखने को मिल रही है। अभी यह हाल है तो आगे के दिनों में स्थितियां विकराल हो सकती है। सब्जियों की महंगाई से महिलाओं का बजट बिगड़ने लगा है।- मंगला शुक्ला, गृहणी
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सब्जियों ने बढ़ा दिया बोझ
फोटो06एयूआरपी 12- लक्ष्मी विश्नोई
ऐसी कोई सब्जी नहीं है। जिसके दामों में तेजी न देखने को मिली है। महंगाई पहले से अधिक है। इधर सब्जियों ने बोझ और बढ़ा दिया है। अब तो ऐसा लगने लगा है कि कुछ समय के लिए सब्जी खाना छोड़ देना चाहिए।- लक्ष्मी विश्नोई, गृहणी