संवाद न्यूज एजेंसी
औरैया। शहर में लगे 40 से ज्यादा मोबाइल टावरों के संचालकों को पिछले दिनों नगर पालिका परिषद ने नोटिस थमाते हुए लाखों रुपये के बिल को जमा कराने की चेतावनी दी। अब दोबारा से रिमाइंडर भेजे गए हैं। अब इन टावरों पर सीज की कार्रवाई करने के लिए नगर पालिका परिषद की ओर से जिला प्रशासन से संस्तुति मांगी गई है।
नगर पालिका परिक्षेत्र में वाणिज्यिक संस्थानों पर साल में एक बार टैक्स लिया जाता है। मोबाइल टावरों से एक साल में 10 हजार रुपये का शुल्क लिया जाता है। पिछले दिनों शासन स्तर से जारी हुए निर्देश के बाद शहर में टावरों पर नगर पालिका परिषद का ध्यान गया हैं। इनसे लाखों रुपये में शुल्क की वसूली होनी है।
इनके की ओर से नगर पालिका परिषद को शुल्क देने से किनारा किया जा रहा है। लाखों रुपये की इस वसूली को लेकर पिछले दिनों नगर पालिका परिषद ने इन टावरों के संचालकों को नोटिस थमाए। मकान मालिकों से संपर्क करते हुए बिल थमाए गए। अब इन्हें लेकर रिमाइंडर भेजे जा रहे हैं। वहीं इस कड़ी में जिला प्रशासन से स्वीकृति लेते हुए इन टावरों को सीज के दायरे में लाने की कवायद भी शुरू की गई है। जल्द ही इसे लेकर बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।
वर्जन
शहर में चिह्नित हुए 40 के करीब टावरों का शुल्क पालिका को जमा नहीं किया जा रहा है। अपर जिलाधिकारी से स्वीकृति लेते हुए इन टावरों पर सीज कार्रवाई कराई जाएगी। इसके लिए ईओ स्तर से पत्राचार किया जा रहा है।
-अनूप गुप्ता, नगर पालिका अध्यक्ष