औरैया। दिबियापुर कस्बा के नहर बाजार की सिंचाई विभाग की जमीन पर 70 लोगों के मकानों व दुकानों पर बीते दो सितंबर को नोटिस चस्पा करते हुए सात दिन का अल्टीमेटम दिया गया। जिसमें निर्धारित समय सीमा के अंदर कब्जा हटा लेने की चेतावनी दी गई थी। ऐसे में नौ सितंबर की डेड लाइन खत्म होने के बाद अब प्रशासन का बुलडोजर कभी भी गरज सकता है।
दो सितंबर को दिबियापुर कस्बा के नहर बाजार के 70 मकानों व दुकानों में सिंचाई विभाग की ओर से नोटिस चस्पा किया गया था। जिसके तहत सभी लोगों को अपनी दुकानें और मकानों को नौ सितंबर तक खाली कर विस्थापित कर लेने के लिए चेताया गया। अन्यथा की स्थिति में बुलडोजर से गिराए जाने की चेतावनी दी गई थी।
सोमवार को अल्टीमेटम का अंतिम दिन था। ऐसे में अब कभी भी प्रशासन का बुलडोजर चल सकता है। इसके लिए विभागीय स्तर पर पूर्व की तरह तैयारी भी कर ली गई है। बता दें कि पिछले दिनों नहर बाजार में सपा सांसद जितेंद्र दोहरे, विधायक प्रदीप यादव ने भ्रमण किया था। इससे पहले प्रशासन से बेघर होने जा रहे लोगों के पक्ष में कम से कम नुकसान करने व बेघर हो रहे लोगों को मकान, दुकान देने की वार्ता भी की थी। हालांकि कोर्ट के आदेश के चलते मामले में राहत मिलती नजर नहीं आ रही है।
अवैध निर्माण ढहाने के क्रम में पहले चरण में 45 मकानों को पहले ही तोड़ दिया गया था। अब 70 मकानों व दुकानों की बारी है। एडीएम महेंद्र पाल सिंह ने बताया कि अभी स्थानीय लोगों के साथ बैठक की जानी है। जिसके बाद आगे कोई फैसला लिया जाएगा।