फोटो-23एयूआरपी 14- विकास कुंज के पास मैनपूठ नाले का सिकुड़ा दायरा। फाइल फोटो।
औरैया। दिबियापुर कस्बा से सटे घेरा, कैंझरी व जमुहां में डूबे 200 बीघा खेतों का पानी निकालने की सरकारी अमले ने कमर कस ली है। जलनिकासी के लिए जिम्मेदारों ने मैनपूठ नाले के हेड से टेल तक खाक छानी। टीम को विकास कुंज में नाले का बहाव पूरी तरह से अवरुद्ध मिला। साथ ही मैनपूठ नाले पर हुए अतिक्रमण को लेकर चिह्नांकन भी शुरू किया। ये काम दो दिन में पूरा हो जाएगा। बाद में सिंचाई विभाग नगर पंचायत से पत्राचार कर नाले के बहाव को पुख्ता करने की रणनीति तैयार करेगा।
दिबियापुर से सटे घेरा, कैंझरी, जमुहा गांवों में जलभराव संकट गहराया है। इसे लेकर अमर उजाला ने मुहिम छेड़ रखी है। मामला संज्ञान लेकर डीएम ने मैनपूठ नाला सफाई के आदेश दिए थे। इस पर अपर जिलाधिकारी वित्त व राजस्व अविनाश चंद्र मौर्या ने सिंचाई विभाग के एक्सईएन संजय कुमार के साथ मैनपूठ नाले का निरीक्षण किया था। मुआयने में सिंचाई विभाग व राजस्व अमले ने मैनपूठ नाले की हेड से टेल तक नजर डाली गई तो सबसे ज्यादा दिक्कत विकास कुंज में सामने आई है। यहां पर मैनपूठ नाले में पानी का बहाव पूरी तरह से ठप पाया गया है।
वहीं, अन्य जगहों पर भी नाले में पटान पाया गया है। विभागीय अधिकारियों की माने तो मैनपूठ नाले पर चल रहे सर्वे का काम दो दिन पूरा हो जाएगा। बाद में सिंचाई विभाग नाले के हेड से टेल तक पानी का बहाव सुनिश्चित करने के लिए सिंचाई विभाग को पत्राचार करेगा। नाले से अतिक्रमण हटाने के लिए सभी विभागों की ओर से साझा कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। सिंचाई विभाग के सर्वे रिपोर्ट में नाले पर काबिज लोगों की तस्वीर भी स्पष्ट हो जाएगी।
आठ फिट का हो जाएगा मैनपूठ नाले का दायरा
दिबियापुर कस्बा से सटे घेरा, कैंझरी व जमुहां में 200 बीघा खेत जलमग्न है। जलनिकासी अवरुद्ध होने से साल के आठ माह यहां पानी भरा रहता है। जलनिकासी के लिए मैनपूठ नाला जिम्मेदार है लेकिन इस नाले का जगह-जगह लोगों ने पटान कर लिया है। यहां तक कि नाले का आठ फिट का दायरा कई जगह पर महज दो से डेढ़ फिट तक ही रह गया है। सिंचाई विभाग के इस सर्वे की रिपोर्ट में अवैध निर्माण चिह्नित होने के बाद नाले पर काम होगा। इसमें नगर पंचायत को भी शामिल किया जाएगा। नाले की पर्याप्त चौड़ाई और पानी के बहाव को लेकर गहराई तक सुनिश्चित की जाएगी।
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किया जाएगा पत्राचार
मैनपूठ नाले का सर्वे कराया जा रहा है। एडीएम के नेतृत्व में यह प्रयास शुरू हुआ है। विकासकुंज में नाले का बहाव न के बराबर मिला है। हेड से टेल तक सर्वे होने के बाद नगर पंचायत को नाले का बहाव दुरुस्त कराने के लिए पत्राचार किया जाएगा। इसके बाद नाले का बहाव दुरुस्त किया जाएगा।
-संजय कुमार, एक्सईएन सिंचाई विभाग