कंचौसी (औरैया)। जिस राजधानी एक्सप्रेस को समय से दौड़ाने के लिए रेलवे स्टेशन से लेकर रेलवे बोर्ड तक पूरी मशीनरी सतर्क रहती है, उसे आज एक रेलवे गैटमैन के कारण न सिर्फ 40 मिनट बिना जरूरत रोकना पड़ा बल्कि अन्य तीन राजधानी एक्सप्रेस सहित करीब दर्जन भर ट्रेनें एक से पीछे एक की शैली में रुकती चली गईं।
सुपरफास्ट ट्रेनों पर अचानक के अघोषित ब्रेक का कारण बना फफूंद-कंचौसी के बीच स्थित रेलवे क्रॉसिंग के गेटमैन सुघर लाल का रविवार की शाम अचानक ड्यूटी से गायब होना। इसके चलते फाटक के इर्दगिर्द सिग्नल न मिलने के कारण अप व डाउन दिशा की चार राजधानी एक्सप्रेस, विक्रमशिला व हावड़ा से बीकानेर जा रही बीकानेर एक्सप्रेस सहित लगभग एक दर्जन गाड़ियां लाइन क्लियर न होने से रुक गईं।
रविवार की शाम लगभग 7:15 बजे सामने आई इस समस्या के बाद रुकी ट्रेनों में सबसे आगे मौजूद गाड़ी के ड्राइवरों ने फाटक पर पहुंचकर उस जंजीर को खींचकर सड़क यातायात रुकवाया, जिसका इस्तेमाल रेलवे फाटक का बेरियर खराब होने पर करता है। सड़क के वाहन रुके तो एक-एक कर ट्रेनों को गुजारा गया। इस घटना से औसतन हर ट्रेन 40 मिनट लेट छूट सकी। कुछ देर बाद इस रेल फाटक पर दिन में ड्यूटी कर घर जा चुके सुनील ने पहुंचकर स्थिति संभालने की कोशिश की। देर रात तक बड़े अफसरों के पहुंचने की चर्चा तेज रही। इस बीच गायब गेटमैन सुघर लाल की तलाश तेज की गई।