विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लगते ही चुनाव प्रचार पर रोक लग गई है। इससे सोशल मीडिया चुनाव प्रचार के लिए अखाड़ा बनने लगा है। अखिलेश यादव की टीम सोशल मीडिया पर प्रचार में लगी है। कांग्रेस का प्रचार सोशल मीडिया पर कमजोर दिख रहा है।
व्हाट्स ऐप ग्रुप से लेकर फेसबुक तक पर सभी दलों का जबरदस्त प्रचार चल रहा है। नए पेज और ग्रुप बनाए जा रहे हैं। प्रत्याशियों के सोशल मीडिया के वार रूम सक्रिय हो चुके हैं। राजनीति और चुनाव में रुचि रखने वाले लोग चुनाव से जुड़ी सूचना और खबर को फोटो के साथ अपडेट कर रहे हैं। चुनाव मैदान में उतरने की हसरत रखने वाले नेताओं की दूसरे दलों से संपर्क में आने की चर्चा भी सोशल मीडिया पर खूब हो रही है। भाजपा और सपा का प्रचार प्रसार जोरों पर चल रहा है।