अछल्दा। लगातार हुई बारिश का असर अब दिखने लगा है। सेंगुर नदी व अहनैया नदी का जलस्तर बढ़ रहा है। किसानों को अपनी फसल डूबने से आजीविका चलाने के लिए परेशानी होने लगी है। एक ओर अंत्येष्टि स्थल डूब गया है, दूसरी ओर पानी गांवों के किनारे तक पहुंच गया है।
अछल्दा-महेवा मार्ग पर स्थित चिमकुनी गांव के नजदीक से निकली सेंगुर नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। इससे नदी किनारे बना अंत्येष्टि स्थल डूब गया है। पुल के दूसरी तरफ बने घाट वाले बाबा का मंदिर भी डूब गया है।
जलस्तर बढ़ने से शेखूपुर व चिमकुनी गांव किनारे तक पानी पहुंच गया है। चिमकुनी गांव निवासी जोर सिंह ने बताया कि पानी लगातार बढ़ रहा है। नदी में पानी बढ़ने से किसानों की नदी के आसपास सैकड़ों बीघा धान व बाजरा की फसल डूब गई है। इससे किसानों को अपनी आजीविका की चिंता सताने लगी है l
अछल्दा-बिधूना मार्ग पर नेविलगंज के नजदीक से निकली अहनैया नदी का जलस्तर भी बढ़ रहा है। इसकी जानकारी होते ही एसडीएम बिधूना निखिल राजपूत व तहसीलदार अविनाश कुमार ने चिमकुनी गांव से निकली सेंगुर नदी का स्थलीय निरीक्षण कर बढ़ रहे पानी के स्तर का जायजा लिया। जिसमें तटीय खेतों में पानी का जलभराव पाया गया। आबादी क्षेत्र पानी के जलभराव से अभी सुरक्षित है। एसडीएम ने ग्रामीणों को जानकारी दी कि किसानों की फसल का आंकलन किया जा रहा है। जिसमें नियमानुसार सहायता दिलवाई जाएगी।