कैदी का जिला अस्पताल में उपचार करते डाक्टर।
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जिला जजी परिसर में शनिवार दोपहर एक कैदी बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ा। कैदी के जहरीला पदार्थ खाने की आशंका पर पुलिस के हाथ पांव फूल गए। उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से डाक्टरों ने सैफई रेफर कर दिया। डाक्टरों ने भी जहरीला पदार्थ खाने का संदेह जताया है।
एरवाकटरा क्षेत्र के ग्राम एरवाटीकुर में साल 2014 में एक किशोरी की हत्या के मामले में जेल गए अजय कुमार (23) पुत्र नरेश चंद्र निवासी एरवाटीकुर की शनिवार को जिला जजी में सीजेएम कोर्ट मेें पेशी थी। पेशी के बाद अजय कोर्ट से बाहर आया तो बेहोश होकर गिर पड़ा। इससे सुरक्षा कर्मियों में हड़कंप मच गया। उन्होंने अजय को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। डाक्टरों ने गंभीर हालत में उसे सैफई रेफर कर दिया।
जिला अस्पताल के डा. शत्रुघ्न ने बताया कि जहरीला पदार्थ खाने की संभावना है। उसकी हालत बिगड़ी है। होश में आने पर कैदी बता पाएगा कि उसने क्या खाया। इधर सूचना मिलने पर कैदी के परिजन अस्पताल पहुंचे। वह साथ में सैफई रवाना हुए। जिलाजजी से प्राप्त जानकारी के अनुसार अपने गांव की एक किशोरी की हत्या के आरोप में अजय उसकी मां राधा देवी, पत्नी गीता देवी और विजय के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। तीनों की जमानत हो गई। जबकि अजय की जमानत नहीं हो सकी। इसी मामले में शनिवार को उसकी पेशी थी।
कहां से आया जहरीला पदार्थ
अगर कैदी ने जहरीला पदार्थ खाया है तो उसके पास जहरीला पदार्थ कैसे पहुंचा। जबकि पेशी के दौरान कड़ी सुरक्षा और निगरानी में कैदी को लाया जाता है। तलाशी भी होती है। प्रभारी कोतवाल बलराज शाही ने बताया कि जांच में अभी जहरीला पदार्थ स्पष्ट नही है। फिर भी पूरे मामले की जांच की जा रही है।