ककोर मुख्यालय स्थित 33/11 केवीए बिजली केंद्र पर मंगलवार रात जौंरा फीडर की आपूर्ति लगाते समय हुई स्पार्किंग में एसएसओ जलने से बाल-बाल बचे। आए दिन केंद्र पर आ रही समस्याओं से बिजली कर्मचारी परेशान हो चुके हैं। बुधवार को आक्रोशित बिजली कर्मियों ने आपूर्ति संचालन को हाथ खड़े कर दिए। वहीं 20 घंटे से आपूर्ति ठप रहने से गुस्साए उपभोक्ताओं ने बिजली केंद्र पर ताला जड़ दिया।
अधिकारियों की अनदेखी के चलते ककोर बिजली केंद्र पर लंबे समय से समस्याओं का अंबार लगा है। केंद्र पर लगी मशीनों में आई खराबी को दूर न किए जाने से समस्या बढ़ती जा रही है। एक माह पहले भी केंद्र पर लगी ओसीबी मशीनों ने काम करना बंद कर दिया था। जिससे लाइन होल्ड के दौरान भी लाइनों में करंट दौड़ रहा था। समस्या को लेकर केंद्र पर तैनात कर्मचारियों ने कई बार क्षेत्रीय जेई विवेक खरे से खराब पड़ी मशीनों को ठीक कराए जाने की मांग की। इसके बावजूद कोई भी सुनने वाला नहीं है।
मंगलवार देर रात केंद्र पर मौजूद एसएसओ ने जैसे ही जौंरा फीडर की लाइन लगाई। उसी समय मशीन से चिंगारी निकली। जिससे एसएसओ फर्श पर गिर पड़े। हालांकि वह घायल होने से बाल-बाल बच गए। इससे खफा होकर ककोर केंद्र से जुड़े सभी कर्मचारियों ने बिजली आपूर्ति ठप कर दी। मंगलवार रात से बंद बिजली के बुधवार को भी संचालन न होते देख केंद्र से जुड़े जौंरा, दौलतपुर, कंचौसी व मुख्यालय के उपभोक्ताओं ने पहुंचकर बिजली केंद्र पर हंगामा किया। समस्या हल न होते देख ताला जड़ दिया।
इस मामले में केंद्र पर मौजूद बिजली कर्मचारियों सुधीर, रहस बिहारी, सूर्य प्रताप सिंह, अरविंद पुष्कर आदि ने बताया कि यह समस्या कई बार आ चुकी है। बावजूद इसके बिजली अधिकारी मशीनों को ठीक नहीं करा रहे हैं। कहा कि जब तक मशीनें ठीक नहीं कराई जाएंगी। तब तक कोई भी काम नहीं करेगा। इस मामले में जेई विवेक खरे ने बताया कि उनकी ओर से उच्चाधिकारियों को मशीनों की खराबी के बारे में कई बार लिखित रूप से दिया जा चुका है। इंजीनियरों को बुलाया गया है। जल्द मशीनों को ठीक किया जाएगा।