सोमवार को दिनदहाडे़ सपा के दो गुटों के बीच हुई फायरिंग को पुलिस ने गंभीरता से लिया है। तीन टीमें गठित कर आरोपियोें को पकड़ने के लिए पूरी रात ताबड़तोड़ दबिशें दी गईं।
हालांकि कोई भी आरोपी पुलिस की पकड़ में नहीं आया है। आरोपी घरों से फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जायेगा। इसमें कोई राजनैतिक दबाव नहीं सुना जाएगा।
सोमवार को सपा जिला सचिव वैकुंठ यादव एवं सपा के छात्रनेता गौरव यादव के गुटाें के बीच वर्चस्व को लेकर दिबियापुर बाजार में फायरिंग की गई थी। पुलिस के सामने भी दहशत फैलाने के लिए कई राउंड फायरिंग एवं पुलिस के साथ अभ्रदता की गई।
मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने दोनों पक्षों के 15 नामजद एवं 40 अज्ञात के खिलाफ बलवा करने का मुकदमा दर्ज कराया था। साथ ही एक पक्ष के तीन युवकों को पकड़कर जेल भेज दिया था।
उच्चाधिकारियाें के निर्देश पर थानाध्यक्ष केडी यादव नेे सभी आरोपियों को पकड़ने के लिये तीन पुलिस टीमों का गठन कर दिया। इन तीनों टीमों ने अलग अलग सभी आरोपियों के घरों पर मंगलवार की रात ताबड़तोड़ दबिशें दी। इससे सपा नेताओं एवं आरोपियों में खलबली मच गई।
पूरी रात पुलिस एवं वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के फोनों पर सिफारिश को फोन घनघनाते रहे। थानाध्यक्ष के अनुसार दोनों पक्ष बैसुंधरा गांव के ही है। इसलिए सतर्कता बरतते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस प्रत्येक गतिविधि पर नजर रख रही है।