फोटो-16- जानकारी देते बृजेश कुमार गुप्ता। संवाद
दिबियापुर (औरैया)। पेप्सी डिस्ट्रीब्यूटर बृजेश कुमार गुप्ता के साथ हुई लूट के मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। अभी तक बदमाशों की पहचान नहीं हो सकी। पुलिस अब सीसीटीवी के जरिए बदमाशों की पहचान में जुटी है। फिलहाल पुलिस के हाथ अभी खाली हैं।
मामले में पुलिस ने शनिवार को सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जांच में एक चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है। वारदात के समय एक काली अपाचे पर तीन संदिग्ध और उनके ठीक पीछे एक सफेद अपाचे पर दो अन्य युवक बैग लेकर जाते दिखाई दिए हैं। बेला रोड के संगम ढाबा तक तो इनकी लोकेशन मिली लेकिन इसके बाद ये बाइक सवार किस मोड़ पर ओझल हो गए, इसका जवाब पुलिस की तीन-तीन टीमें नहीं ढूंढ पाई हैं।
पुलिस की जांच अब डिस्ट्रीब्यूटर के गोदाम के भीतर तक पहुंच गई है। शनिवार को जब सभी कर्मचारियों को तलब किया गया तो एक कर्मचारी नहीं पहुंचा। अब पुलिस की निगाह उसकी पर टिकी है। घर में भी उसके न होने की बात सामने आई है। पुलिस अब इन नए चेहरों और लापता कर्मचारी के कॉल डिटेल्स खंगाल रही है। आशंका है कि किसी भेदी ने ही बदमाशों को कलेक्शन और मूवमेंट की पल-पल की जानकारी दी थी।
पीड़ित बृजेश गुप्ता ने बताया कि शुक्रवार रात नौ बजे वह गोदाम से निकले थे। हेलमेट के भीतर फोन पर बात करते हुए वह घर की ओर बढ़ रहे थे। करीब सवा नौ बजे जैसे ही फोन कटा। बरु और असेनी के बीच अंधेरे का फायदा उठाकर बदमाशों ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। जब तक बृजेश संभल पाते, बदमाश कलेक्शन, लैपटॉप और मोबाइल लेकर रफूचक्कर हो चुके थे।
लूट के मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। घटना के बाद पुलिस को अहम सुराग हाथ लगे हैं। पुलिस टीम अपना काम कर रही है। जल्द वारदात का खुलासा किया जाएगा।
-अशोक कुमार सिंह, सीओ सिटी