औरैया। उत्तर मध्य रेलवे ने वैसे तो फफूंद रेलवे स्टेशन को एनएसजी-4 का दर्जा दे रखा है। ऐसे में यहां पर इसके अनुसार यात्रियों को सुविधाएं मिल रही हैं लेकिन अब जिलाधिकारी ने इस स्टेशन को जिला मुख्यालय का स्टेशन घोषित कराने की मुहिम छेड़ी है। साथ ही डीआरएम को पत्राचार भी किया है। इसके जरिए यहां पर यात्री सुविधाओं को और भी बेहतर बनाया जाएगा। इससे नई ट्रेनों के ठहराव तो होगा ही, साथ ही सुविधाओं में इजाफा होगा। खास बात तो यह है कि आयात-निर्यात के साधन मुहैया होने से यहां का कारोबार तरक्की की राह पकड़ेगा।
दिल्ली हावड़ा रेल रूट पर जिले के तीन रेलवे स्टेशन हैं। इनमें फफूंद, अछल्दा व कंचौसी शामिल हैं। इस रूट पर नौ जोड़ी सुपरफास्ट व मेल व तीन जोड़ी मेमू दौड़ती है। इन सभी ट्रेनों का फफूंद रेलवे स्टेशन पर ठहराव है। इनके जरिए फफूंद स्टेशन से रोजाना 3500 यात्री औसतन विभिन्न गंतव्य स्थलों के लिए ट्रेनों से सफर करते हैं। इससे रेलवे को प्रति माह करीब एक करोड़ की कमाई होती है। फिर भी यहां पर ट्रेनों की संख्या काफी कम है। लंबी रूट की ट्रेनें यहां ठहरती नहीं है।
इससे यहां के यात्रियों को उनका लाभ नहीं मिल रहा है हालांकि नई ट्रेनों के ठहराव की काफी समय से मांग भी की जा रही है। जिसे लेकर समय-समय पर जनता ने जनप्रतिनिधियों को इससे रूबरू कराया है। उनकी जायज मांग पर यहां के माननीयों ने भी रेलमंत्री से मिलकर उनसे फफूंद रेलवे स्टेशन पर यात्री सुविधाएं बढ़ाने के प्रस्ताव रखे लेकिन अभी तक उसे धरातल पर उतारा नहीं जा सका है। अब जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने इस मुहिम में अपना कदम बढ़ा दिया है। उन्होंने फफूंद रेलवे स्टेशन को जिला मुख्यालय के स्टेशन का दर्जा दिलाने के लिए डीआरएम को चिट्ठी लिखी है।
इसके जरिए उन्होंने इस स्टेशन का विस्तार कर यात्री सुविधाएं बढ़ाने की पेशकश की है। डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने बताया कि फफूंद रेलवे स्टेशन को जिला स्तरीय घोषित कराने के लिए डीआरएम को पत्राचार किया गया है। यहां पर ट्रेनों की संख्या बढ़ाए जाने के साथ ही सुविधाओं पर फोकस किया जा रहा है।
सेंटर प्वाइंट है फफूंद रेलवे स्टेशन
औरैया जिला मुख्यालय का दिबियापुर मैन सेंटर प्वाइंट माना जाता है। यहां पर एनटीपीसी, गेल, पाता, विकासभवन, कलक्ट्रेट, मेडिकल कॉलेज, प्लास्टिक सिटी आदि नजदीकी दायरे में आते हैं। यहां के कर्मचारी काफी हद तक ट्रेनों से रोजाना आवागमन करते हैं। विभागीय आंकड़ों के मुताबिक रोजाना एक हजार के करीब दैनिक यात्री फफूंद रेलवे स्टेशन से दैनिक यात्रा करते हैं। फिर भी उन्हें रेलवे की बेहतर कनेक्टीविटी नहीं मिल रही है। इससे उन्हें दुश्वारियों का सामना करना पड़ता है।
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एनएसजी-3 रेलवे स्टेशन की सुविधाएं
एनएसजी-3 (नॉन-सबर्बन ग्रेड-3) रेलवे स्टेशन भारतीय रेलवे की मध्यम श्रेणी है, जो 20-100 करोड़ की सालाना आय और 50 लाख से एक करोड़ यात्रियों के बीच की संख्या वाले स्टेशनों को वर्गीकृत किया गया है। इन स्टेशनों पर आमतौर पर टिकट काउंटर, शौचालय, सूचना डेस्क, प्रतीक्षालय, फूड स्टॉल, वाटर वेंडिंग मशीन, बुक स्टॉल और ऑटोमेटेड टिकट मशीन जैसी सुविधाएं मौजूद होती हैं।
इन ट्रेनों का है फफूंद रेलवे स्टेशन पर ठहराव
स्वर्ण शताब्दी, अवध एक्सप्रेस, संगम, ऊंचाहार, आगरा फोर्ट इंटरसिटी, गोमती, नेताजी एक्सप्रेस, महानंदा सहित कुल 20 ट्रेनों फफूंद रेलवे स्टेशन पर ठहराव है। इसमें तीन जोड़ी पैसेंजर ट्रेनें भी शामिल हैं।