अजीतमल।
कोतवाली क्षेत्र के पूठा स्थित हाईवे के किनारे एक पेड़ के नीचे रविवार सुबह ग्रामीणों ने संदिग्ध हालात में शव पड़ा देख पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मृतक की जेब से मिले मोबाइल के आधार पर शिनाख्त कर घटना की जानकारी दी। परिजनों ने गांव के नामजदों पर हत्या का शव फेंकने का आरोप लगाया है। पुलिस के अनुसार मृतक हत्या के मामले में नामजद आरोपी है।
खेतों पर काम करने पहुंचे किसानों ने रविवार सुबह सात बजे के करीब हाईवे से 50 मीटर अंदर खेतों में नीम के पेड़ के नीचे एक युवक का शव संदिग्ध हालातों में पड़ा देखा। जिस पर किसानों ने दौड़कर घटना की जानकारी ग्रामीणों को देने के साथ पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस अधीक्षक चारु निगम, सीओ अजीतमल भरत पासवान, अयाना व अजीतमल कोतवाली के फोर्स के साथ मौके पर पहुंची।
पुलिस ने घटना स्थल की जांच पड़ताल कर शव की तलाशी ली, साथ ही फोरेंसिक टीम ने घटना स्थल से साक्ष्य भी जुटाए। जेब में मिले मोबाइल फोन की मदद से पुलिस ने शव की शिनाख्त रामकिशोर (40) पुत्र रामप्रकाश निवासी जगन्नाथपुर के रूप में की। जानकारी पर आए मृतक के पिता रामप्रकाश ने बताया कि उसका बेटा शनिवार शाम से गायब था। उसे आसपास के क्षेत्र में खोजबीन के बाद भी कुछ पता नहीं चला। उसके बेटे की गांव के नामजदों ने हत्या कर शव फेंक दिया है।
अपर पुलिस अधीक्षक दिगंबर कुशवाहा ने बताया कि मृतक रामकिशोर व उसके साथी गोपाल पर बीती 23 अगस्त को गांव के अंकित पाल की हत्या करने की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। अंकित का शव बीती 20 अगस्त की सुबह जगन्नाथपुर गांव के बाहर संदिग्ध हालातों में फंदे पर लटका मिला था। एसपी चारु निगम ने बताया कि मौके पर जांच पड़ताल के दौरान मृतक के शरीर पर किसी भी प्रकार के चोट के निशान नहीं मिले हैं। घटना के खुलासे को चार टीमें गठित की गई हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।