गर्मी का कहर अब लोगों पर आग बनकर बरसने लगा है। उमस भरी गर्मी के रौद्ध रूप ने लोगाें को घरों के अंदर रहने को मजबूर कर दिया है। वहीं गर्मी के बचाव के लिए उपलब्ध संसाधन बिजली कटौती के चलते खामोश हैं, जिससे लोगों की मुसीबत और बढ़ गई है।
रोजाना बढ़ रही गर्मी और उमस ने राहगीरों समेत लोगों को घर में रहने को विवश कर दिया है। शहर की सड़कों में उमस भर्री गर्मी के चलते सुबह से सन्नाटा पसरा दिखाई देता है।
शनिवार को तापमान में कुछ अधिक बढ़ोत्तरी हुई। इसके चलते भीषण गर्मी का आभास हुआ। दोपहर बाद खिली तेज धूप से बचने के लिए लोग पेड़ों की छाया खोजतेे दिखाई दिए तो घरों में मौजूद लोग गर्मी के कारण बाहर निकलने में कतराते रहे।
गर्मी के बचने के लिए कूलर व पंखा के आगे ही बैठे रहे। लगभग एक सप्ताह से लगातार हुई पारे में बढ़ोत्तरी से जनमानस अस्त-व्यस्त दिखाई दे रहा है। वहीं भीषण गर्मी व धूप की तपिश कम होने का नाम नहीं ले रही है। अधिक गर्मी के कारण दुकानदार भी सारे दिन सन्नाटे में बैठे रहते हैं।