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Auraiya News: मैनपूठ नाले से कब्जे हटें तो खेतों से निकले पानी

Wed, 27 Aug 2025 12:18 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
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फोटो-26एयूआरपी 20- घेरा गांव समीप खेतों में भरा पानी। संवाद
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औरैया। दिबियापुर कस्बे से सटे घेरा, कैंझरी व जमुहां में 200 बीघा खेत जलभराव की चपेट में हैं। किसानों का आरोप है कि यहां कि जलनिकासी के लिए जिम्मेदार मैनपूठ नाले पर जगह-जगह कब्जे हैं।
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कई जगह पर नाले का दायरा आठ फीट की बजाय दो फीट ही बचा है। नाले से अतिक्रमण हटा दिया जाए तो खेतों में हर साल जलभराव का संकट दूर हो जाएगा।
घेरा, कैंझरी व जमुहां में 200 बीघा खेत सात सालों से आठ महीने जलमग्न रहते हैं। इससे यहां के लोग खेती नहीं कर पाते हैं। लोगों का कहना है कि कई जगह पर लोगों ने नाले को पाट दिया है। यहां तक कि नाले पर अवैध निर्माण कर लिया है।
नाला सफाई होने के बाद भी कई जगह कूड़ा होने से जलनिकासी अवरुद्ध रहती है। यही वजह है कि पांच किमी. के इस नाले से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है। इससे 200 बीघा खेत डूबे हैं।
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लोगों का कहना है कि यह समस्या साल 2019 से अनवरत चली आ रही है। नाले को कब्जा मुक्त करने के बाद ही निकासी को दुरुस्त किया जा सकता है, लेकिन नाले से अतिक्रमण हटाने की जहमत नहीं उठाई जा रही है। लोगों ने नगर पंचायत से अपने हिस्से के नाले को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की है।

नाले पर कब्जे
200 बीघा खेत साल के आठ माह डूबे रहते हैं। इसके पीछे की मुख्य वजह मैनपूठ नाले पर अतिक्रमण है। गांव से लेकर कस्बा के दायरे में इस नाले से अतिक्रमण हटने के बाद ही जलनिकासी दुरुस्त होगी। -सचिन

सफाई नहीं हो रही
मैनपूठ नाले में अतिक्रमण है। लेकिन नाले की सफाई भी ठीक ढंग से नहीं की जा रही है। नाले में जगह-जगह कूड़ा डला होने की वजह से जलनिकासी ठप हो जाती है। ऐसे में जलभराव होता है।-नितिन

कस्बा के दायरे से निकले नाले से अतिक्रमण हटाया जाएगा। इसके निर्माण को लेकर प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। मंजूरी मिलने के बाद नाले का निर्माण भी कराया जाएगा।-विनय पांडेय, ईओ नगर पंचायत दिबियापुर
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