बेला(औरैया)। रिश्ते में भाई अवनीश से पत्नी अर्चना के प्रेम संबंध की जानकारी किसी तरह पति शैलेंद्र को दिवाली 2025 से पहले ही हो गई थी।
त्योहार पर घर आने के बाद पत्नी का रवैया देख वह दोबारा नौकरी करने नहीं गया। इसके बाद वह आरोपी अवनीश से पत्नी के फोन पर बात करने और मिलने का विरोध करने लगा। इससे प्रेमी और पत्नी काफी दिनों से उससे नाराज थे। इसके बाद दोनों ने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रचना शुरू कर दी थी।
थाना क्षेत्र के गांव कुर्सी निवासी शैलेंद्र आगरा स्थित एक आइस्क्रीम फैक्टरी में काम करता था। गांव में रहने वाले परिवार के लोग भी उसके साथ काम करते थे। उसके के पिता और मां की पहले ही मौत हो गई थी। बड़ी बहन की शैलेंद्र से पहले करीब आठ साल पहले ही शादी हो गई थी।
घर में पत्नी और उसका पांच साल का बेटा सौरभ ही रहता था। इसका आरोपी अवनीश ने फायदा उठाया और अक्सर शैलेंद्र के घर आने लगा। ऐसे में दोनों में नजदीकिया बढ़ीं और देखते ही देखते दोनों में प्रेम संबंध हो गया।
ग्रामीणों ने पहले रिश्तेदार होने की वजह से उसके आने-जाने को अनदेखा किया। बाद में दोनों एक दूसरे के साथ अक्सर देखे जाने लगे, तब ग्रामीणों और परिवार को दोनों के बीच संबंध का शक हुआ। इसके जानकारी पति को हुई तो वह दिवाली पर घर आ गया। उसने नौकरी छोड़ दी, इसके बाद दोबारा आगरा नहीं गया।
उधर, पति के घर आने के बाद भी अवनीश ने घर आने का प्रयास किया, लेकिन पति ने इसका विरोध किया। इसके बाद फोन से भी प्रेमी का शैलेंद्र की पत्नी से संपर्क टूट गया। आरोपी पत्नी ने बताया कि वह अवनीश के साथ रहना चाहती थी। इस बात को लेकर पति-पत्नी में अक्सर झगड़े होने लगे। इसके बाद तीनों ने शैलेंद्र की साजिश के तहत हत्या कर दी।
बेटे के बयान ने बदली जांच की दिशा
शैलेंद्र की हत्या के बाद थाना पुलिस ने पत्नी समेत परिजन और ग्रामीणों से पूछताछ की। इसी दौरान थाने में तैनात महिला सिपाही ने शैलेंद्र के पांच वर्षीय बेटे सौरभ से पूछा तो पूरा राज खुल गया। बेटे ने बताया कि अवनीश मामा (मां के मायके की तरफ से आने के कारण बच्चा उसे मामा बुलाता था) अक्सर घर पर आया करते थे। इसके बाद पुलिस अवनीश की तलाश में जुट गई थी।
मां को गिरफ्तार देख रो पड़ा पांच साल का बेटा
पुलिस ने मंगलवार सुबह अवनीश और उसके साथी रिंकू को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पत्नी अर्चना का नाम सामने आने पर पुलिस ने उसे उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में तीनों ने हत्या की बात स्वीकार ली। मां की गिरफ्तारी के दौरान बेटे सौरभ का रो-रोकर बुरा हाल था। फिलहाल सौरभ शैलेंद्र के ताऊ मान सिंह पाल के पास है।
हत्या के बाद पत्नी ने किया था रोने का ड्रामा
शैलेंद्र की शादी करीब छह साल पहले वर्ष 2020 में कन्नौज थाना गुरसहायगंज के गांव मढि़या निवासी अर्चना से हुई थी। 11 जनवरी को हत्या के बाद अर्चना घटनास्थल पर भी पहुंची थी। उसने दहाड़े मारकर रोने का ड्रामा किया था। इस दौरान उसके रोने से किसी को नहीं लगा था कि हत्या के पीछे उसी का हाथ है।