शासन की ओर से किसानों को गेहूं का सही मूल्य दिलाने के लिहाज से क्रय केंद्रों पर 1625 रुपये प्रति क्विंटल की दर से गेहूं की खरीद कराई जा रही है। किसानों से दस रुपये पल्लेदारी भी मौके पर दिलाई जा रही है। इसके बावजूद क्रय केंद्र पर किसानों से बीस रुपये अतिरिक्त पल्लेदारी मांगी जा रही है।
इससे किसानों का दिवाला निकल रहा है। वहीं शासन से तीन दिन में भुगतान के आदेश हैं। बिक्री के तेरह दिन बाद भी किसान भुगतान के लिए क्रय केंद्र के चक्कर लगा रहे हैं।
क्रय केंद्रों पर किसानों का गेहूं 1625 रुपये प्रति क्विंटल की दर से खरीदने के निर्देश हैं। वहीं किसान से पल्लेदारी के दस रुपये के अलावा बीस रुपये अतिरिक्त लिए जा रहे हैं। मंगलवार को इसकी बानगी शहर के गल्ला मंडी स्थित खाद्य विभाग के गेहूं क्रय केंद्र पर देखने को मिली। केंद्र पर गेहूं लेकर पहुंचे कखावतू निवासी राम दुलारे दीक्षित ने बताया कि केंद्र पर प्रभारी सुनील कुमार मौजूद थे।
केंद्र पर तैनात एक अन्य व्यक्ति ने उनसे दस रुपये पल्लेदारी के अलावा बीस रुपये अतिरिक्त की मांग की। किसान राम दुलारे की ओर से डीएम के.बालाजी को तत्काल इसकी जानकारी दी गई। डीएम ने डिप्टी आरएमओ लालमणि पांडेय को इसकी जांच करने के निर्देश दिए हैं। वहीं केंद्र पर मौजूद केंद्र प्रभारी ने किसी भी किसान से अतिरिक्त रुपये लिए जाने की बात से साफ इंकार किया है।