पहाड़ी क्षेत्रों में हुई बर्फबारी का जिले में शनिवार को भी असर रहा। सर्द हवा के साथ गलन बढ़ने से कड़ाके की ठंड ने लोगों को बेहाल कर रखा है। लगातार पांच दिनों से धूप न निकलने से शहर की व्यापारिक गतिविधियां पटरी से उतरी हुई हैं। सबसे अधिक परेशानी कामगार, मेहनकश मजदूरों को हो रही है।
इस सीजन की सर्दी में शनिवार का दिन भी ठंडा रहा। सुबह से ही शीतलहर चलती रही और कोहरे से दिन की शुरूआत हुई। समय के साथ कोहरा तो छट गया, लेकिन बदली आसमान को ढके रही। इससे पूरे दिन धूप न निकल सकी। धूप न निकलने से दोपहर में भी लोगों को ठिठुरन महसूस होती रही। देर शाम कड़ाके के सर्दी शुरू हो गई।
गलन बढ़ने व सर्द हवाओं से बचने के लिए लोग समय से पहले ही रजाई और कंबलों में दुबक गए। ठंड से सबसे अधिक वृद्ध और कामगार मजदूर परेशान हैं। सर्दी में काम न मिलने की चिंता ने उनके समक्ष आर्थिक संकट खड़ा कर दिया है। सर्दी से व्यापारिक गतिविधियां असामान्य हैं। ठंड से बचने के लिए लोग अलाव का सहारा लेने लगे हैं।
हवाआें का दबाव बना हुआ है। आसमान में बदली छाई रहेगी। वहीं पहाड़ों की बर्फवारी से मैदानी इलाके और ठंडे होंगे। तीन-चार दिनों में जिले के तापमान में और गिरावट होगी। डा. संदीप कुमार, मौसम विशेषज्ञ, कृषि विज्ञान केंद्र