फफूंद (औरैया)। शुक्रवार की देर रात इटावा से बाइक से घर गेल गांव दिबियापुर जा रहे गेल के एक सहायक इंजीनियर की फफूंद-दिबियापुर मार्ग पर बाइक से गिरकर मौत हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इंजीनियर की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया।
फफूंद थाना क्षेत्र के ग्राम ममरेजपुर आल (पाता सरैया) निवासी विजय तिवारी (42) पुत्र प्रेम प्रकाश उर्फ लल्लन तिवारी गेल प्लांट के कंप्रेशर स्टेशन विजयपुर (मध्य प्रदेश) में असिस्टेंट इंजीनियर थे। उनके माता पिता गांव सरैया में जबकि पत्नी व बच्चे दिबियापुर क्षेत्र स्थित गेल गांव के आवास में रह रहे हैं। लगभग एक सप्ताह पहले वह विजयपुर से गेल कंप्रेशर स्टेशन दिबियापुर में विजिट पर आए थे। शुक्रवार की शाम वह स्टेशन से ड्यूटी करके किसी काम से इटावा गए थे। वहां से रात लगभग 11 बजे अपनी बाइक से गेल गांव जा रहे थे। बताया जा रहा है कि फफूंद-दिबियापुर मार्ग पर ज्ञानस्थली स्कूल के आगे बाइक बेकाबू होकर सड़क के नीचे उतर गई और वह मुंह के बल गड्ढे में जा गिरे। हेलमेट न लगाए होने से वहां से निकल रहे राहगीरों ने हादसे की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने उन्हें उठाकर इलाज के लिए भेजना चाहा लेकिन उनकी घटना स्थल पर ही मौत चुकी थी। वह हेलमेट नहीं लगाए थे। उनके पास मिले कागजातों से उनकी शिनाख्त की गई और पुलिस ने उनके परिजनों को सूचित किया। घटनास्थल पर पहुंचे परिजनों में हादसे से कोहराम मच गया। पुलिस को वहां से एक लाइसेंसी रिवाल्वर और लगभग 12 हजार रुपये व दो अंगूठी और सोने की एक चेन मिली। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक की दो बेटियां गौरी 16 वर्ष व मोहिनी 14 वर्ष व एक बेटा संकल्प 8 वर्षीय है। सहायक इंजीनियर की मौत से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
इंजीनियर विजय तिवारी के पिता ने बताया कि पुत्र को गेल गांव की बजाय गेल विहार दिबियापुर में आवास आवंटित हो गया था। परिवार को सोमवार को शिफ्ट होना था। शुक्रवार की शाम इस संबंध में उनकी पुत्र से बात भी हुई थी जिस पर उसने शनिवार को सुबह गांव सरैयां में स्थित शंकर जी के मंदिर पर जलाभिषेक करने के बाद ही नए घर में शिफ्ट होने की बात उनसे कही थी लेकिन इससे पहले ही ईश्वर ने उसको हम लोगों से छीन लिया... यह कहते हुए वह रोने लगे।