फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गलत आयुष्मान कार्ड बनाने पर सीएससी आईडी होगी निरस्त

विज्ञापन
विज्ञापन
औरैया। प्रधानमंत्री आयुष्मान योजना के गलत कार्ड मिलने से उन्हें निरस्त किया गया तो एक सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) के खिलाफ कार्रवाई से जिले में हड़कंप मच गया। ‘अमर उजाला’ में बुधवार को पेज तीन पर प्रकाशित खबर पर गुरुवार को सीएससी केंद्रों का जिला समन्वयक ने निरीक्षण कर हकीकत परखी। केंद्र संचालकों को सख्त दिशा-निर्देश भी दिए।
विज्ञापन

प्रधानमंत्री आयुष्मान योजना के गरीबों को लाभ देने को उनके पास गोल्डन कार्ड होना चाहिए। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने सीएससी (कामन सर्विस सेंटर) की मदद ली है। जिले के 300 सीएससी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। हाल ही में 18 आयुष्मान गलत मिलने पर शिकायत पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एके राय ने गंभीरता से लेते हुए उन्हें निरस्त कराया। वहीं, एक सीएससी संचालक ने गलत तरीके से अपना आयुष्मान कार्ड बनाने पर उस सीएससी संचालक की आईडी भी बंद करने की कार्रवाई की।
कार्ड निरस्त होने और सीएससी के खिलाफ कार्रवाई से सीएचसी संचालकों में हड़कंप मच गया। खबर का संज्ञान लेते हुए सीएससी जिला प्रबंधक आनंद सोनी ने सीएससी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। जिला प्रबंधक ने सभी सीएससी संचालकों को निर्देशित किया कि यदि किसी केंद्र पर गड़बड़ी मिली तो उसकी आईडी बंद कर दी जाएगी।
विज्ञापन

इनसेट
कहां बन रहे गोल्डन कार्ड
सरकारी अस्पताल और कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी)
औरैया। गांवों में शिविर लगाकर पात्रों के गोल्डन कार्ड बनाए जा रहे हैं। कार्ड बनाने के बदले 30 रुपये लिए जाएंगे। कार्ड को लेमिनेट करके दिया जाएगा। स्कीम में शामिल व्यक्ति सीएससी सेंटर पर आयुष्मान भारत की सूची में अपना नाम चेक कर सकता है। नाम होने पर उसका कार्ड बन जाएगा। जिला प्रबंधक आनंद सोनी ने बताया अगर एक परिवार में पांच व्यक्ति हैं तो सभी के अलग-अलग कार्ड बनेंगे। सीएससी के अलावा कार्ड सरकारी अस्पतालों में भी बनेंगे। लोग बीमार होने पर ही अस्पताल जाते हैं, इसलिए बीमार होने से पहले ही कार्ड बनवा लें।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें