औरैया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश लल्लू सिंह ने थाना बेला क्षेत्र के एक मामले में एक नाबालिग के साथ अपहरण बलात्कार के दोषी एक व्यक्ति को दस वर्ष के कठोर कारावास और 75 हजार रुपये अर्थदंड की सजा से दंडित किया है।
अभियोजन के अनुसार ग्राम पुर्वा भदौरिया थाना बेला निवासी छह दिसंबर 2015 को रिपोर्ट लिखाई कि रात करीब लगभग एक बजे उसकी पुत्री पेशाब करने के लिए कमरे से बाहर निकाली। तभी वहां पहले से घात लगाए विपक्षी भूरे पुत्र राम औतार निवासी अलाई नगर थाना बिधूना, संदीप कुमार पुत्र बेंचे लाल, रामवीर सिंह पुत्र बाबूराम, मीना देवी पत्नी रामवीर निवासी पुर्वा थाना बेला ने उसकी पुत्री को पकड़ लिया और मुंह में कपड़ा और हाथ-पैर रस्सी से बांधकर विपक्षी संदीप कुमार के घर ले जाकर बंद कर दिया। शोरगुल सुनकर वादी और गांव के लोगों ने पूरा घर घेर लिया। तथा थाने को सूचित कर दिया। आरोपियों ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म भी किया। यह मामला चारों आरोपियों के विरु द्ध आरोप पत्र लगने से कोर्ट में चला। तीन आरोपी संदीप कुमार, रामवीर सिंह तथा मीना देवी के उपस्थित न होने के कारण उनकी पत्रावली न्यायालय से पृृथक कर भूरे उर्फ राम विलास के विरुद्ध विचारण किया। अभियोजन की ओर से एडीजीसी संजय कुमार श्रीवास्तव व बचाव पक्ष को सुनने के बाद एडीजे लल्लू सिंह ने रामविलास पुत्र राम औतार निवासी इलाई नगर बिधूना को धारा 376 में दस वर्ष के कठोर कारावास से दंडित किया। विभिन्न धाराओं में कारावास और 75 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। सभी सजाएं एक साथ चलेगीं। तथा अर्थदंड अदा न करने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।