अमर उजाला ब्यूरो
अजीतमल (औरैया)। जालौन जिले के एक युवक ने न्यायालय के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। नर्सिंगहोम के डाक्टर समेत स्टाफ के खिलाफ जबरन गर्भपात कराए जाने का आरोप लगाया है। पीड़ित ने बताया कि गर्भपात के दौरान उसकी पत्नी की मौत हो गई।
जनपद जालौन के ग्राम पिपरौंधा निवासी अमित रिक्शा चलाकर अपने परिवार का जीवन यापन करता है। उसकी पत्नी को कुछ माह का गर्भ था। 13 जुलाई को उसकी पत्नी रोशनी को प्रसव पीड़ा हुई। वह उसे अजीतमल के बाबरपुर कस्बे के अशोक नगर मोहल्ला निवासी विमल शर्मा के माध्यम से अजीतमल कस्बा के ब्लाक रोड स्थित न्यू प्राची नर्सिंग होम में रोशनी को भर्ती कराया। डा. सुनील निषाद, उसका भाई देवेंद्र निषाद, नर्स मीरा गौतम, कंपाउंडर स्टाफ हरिओम निषाद ने जबरन उसकी पत्नी का गर्भपात कर दिया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
पीड़ित ने आरोप लगाया कि पत्नी की मौत के बाद नर्सिंगहोम के डा. सुनील निषाद ने आर्थिक मदद का वास्ता देते हुए उसकी पत्नी का अंतिम संस्कार करवा दिया। बाद में नर्सिंगहोम ने उसकी कोई मदद नहीं की। न्यायालय के आदेश पर रविवार को कोतवाली में डाक्टर समेत चार के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई है।
न्यायालय के आदेश पर कोतवाली में दर्ज हुआ मुकदमा