उरई। खेत में काम करने गए किसान की सदमे से मौत हो गई। परिजनों के अनुसार, कुछ दिन पहले खेत में फसल को अन्ना जानवरों ने बर्बाद कर दिया था, तबसे वह तनाव में रहता था। परिजनों ने पुलिस को बताए बिना ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पियानिरंजनपुर निवासी बाबूराम (55) पुत्र मदई मंगलवार की सुबह घर से खेत में काम करने निकला था। वह खेत पहुंचा तो वहीं पर उसकी मौत हो गई। आस पास खेतों में काम कर रहे किसानों ने जब उसे खेत में पड़ा देखा तो उन्होंने आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब न मिलने पर किसान बाबूराम के पास पहुंचे।
उन्होंने बाबूराम को हिलाकर देखा तो उसे मृत पाया। यह देख वहां हड़कंप मच गया। किसानों ने तुरंत इसकी सूचना बाबूराम के घरवालों को दी। परिजन खेत पहुंच गए। परिजन बोले कि उनकी मौत सदमे से हुई है।
क्योंकि बाबूराम के पांच बीघा खेत में बोई गई फसल को अन्ना जानवरों ने चर कर बर्बाद कर दिया था, जिसको लेकर वह काफी परेशान था। वहीं गांव में भी इसी बात पर चर्चा होती रही। लेकिन पुलिस को सूचना मिलती इससे पहले ही परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया। पोस्टमार्टम न होने से बाबूराम की मौत की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी।
परिजन बोले, अन्ना जानवरों के फसल नष्ट करने से तनाव में था
अमर उजाला ब्यूरो