औरैया। जिले में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना में बेटियों को दो लाख रुपये मिलने संबंधी फार्म बेचने के आरोप में एक स्टांप वेंडर को पुलिस ने सोमवार को पकड़ लिया। जानकारी मिलते ही राजस्व अधिवक्ताओं ने सीओ कार्यालय पहुंचकर घेराव किया। काफी देर हुई वार्ता के बाद प्रभारी एएसपी/सीओ सिटी श्यौदान सिंह द्वारा पूछताछ का आश्वासन दिए जाने के बाद वकीलों का गुस्सा शांत हुआ।
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना में दो लाख रुपये बेटियों को दिए जाने संबंधी फार्म बाजार में बेचे जाने के मामले में पुलिस ने सोमवार को सदर तहसील के एक स्टांप वेंडर को पकड़ा है। इसकी जानकारी होते ही राजस्व अधिवक्ताओं ने प्रभारी एएसपी/सीओ सिटी श्यौदान सिंह के कार्यालय पहुंचकर घेराव किया। इस दौरान मौजूद प्रभारी एएसपी/सीओ सिटी से राजस्व अधिवक्ताओं की काफी देर वार्ता हुई। जिस पर उन्होंने पूछतांछ के बाद उक्त स्टांप वेंडर को छोड़ने का आश्वासन दिया।
इस संबंध में राजस्व अधिवक्ता एसोसिएशन के अध्यक्ष ओंकार नाथ चतुर्वेदी ने बताया कि किसी व्यक्ति द्वारा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना में बेटी को दो लाख रुपये का लाभ दिए जाने की केंद्र सरकार की योजना बताकर उससे संबंधित फार्म बेंचे गए। बताया कि इस योजना के संबंध में जब अमर उजाला में हकीकत उजागर हुई तो फिर फार्म बेचे जाने बंद कर दिए गए। इसमें स्टांप वेंडर का कोई दोष नहीं है। उसे हिरासत में लिया जाना गलत है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से निर्दोष स्टांप वेंडर को तत्काल छोड़े जाने की मांग की।