औरैया। नगर पालिका परिषद कार्यालय बेतरतीब विकास की कहानी बता रहा है। यहां कार्यालय परिसर की सड़कें सीसी हैं, लेकिन सड़क पर इंटरलॉकिंग बिछाई जा रही है। जबकि शहर के कई मोहल्लों की सड़कें बदहाल हैं।
लोगों का कहना है कि पालिका परिसर में सही सड़क पर इंटरलॉकिंग कराई जा रही। वहीं, बार-बार मांग करने के बाद भी शहर की खस्ताहाल सड़कों की अनदेखी की जा रही।
शहर क्षेत्र में पिछले डेढ़ साल में कई सड़कों को सीसी व इंटरलॉकिंग से लैस किया गया है। इसके बावजूद गोविंद नगर समेत कई मोहल्लों के रास्ते अभी भी कच्चे हैं।
गोविंद नगर के स्थानीय लोगों ने मलबा डालकर रास्ते को खुद ठीक करने का प्रयास किया है, लेकिन इधर हुई बारिश से यहां के हालात बहुत ही खराब हो गए। स्थानीय लोगों की ओर से सड़कों को पक्का बनाने और जल निकासी बेहतर बनाने की मांग की जा रही है, लेकिन सुनवाई नहीं हो रही।
दूसरी तरफ पालिका प्रशासन ने अपने कार्यालय में पहले से बनी सीसी सड़क पर 14 लाख रुपये की लागत से इंटरलॉकिंग बिछाने का काम शुरू कर दिया है। शनिवार को शुरू हुआ यह काम रविवार को तेजी से कराया गया। इसके पीछे अधिकारियों और कर्मचारियों का कहना है कि कार्यालय में बारिश के दिनों में जलभराव की समस्या होती है।
इसके लिए परिसर की ऊंचाई होना जरूरी है, लेकिन इस परिसर को ऊंचा कराने के बजाय पहले से बनी सीसी सड़क पर ही इंटरलॉकिंग बिछाई जा रही है।
ऐसे में यह कार्य शहर में चर्चा का विषय बन गया है। वहीं, जिम्मेदार बस जलभराव की समस्या बता रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि परिसर में पानी भर जाता था, इसलिए पानी की निकासी की व्यवस्था बनाई जा रही है।
गोविंद नगर में गंदे पानी से होकर निकल रहे
गोविंद नगर में नाला न होने के कारण पानी भरा रहता है। कच्ची सड़क पर यह पानी लोगों के घरों के बाहर कीचड़ जमा कर रहा है। इसी के बीच लोग यहां निकलने को मजबूर हो रहे हैं। नाला का निर्माण ताे शुरू करा दिया गया है, पर यह कब तक बन पाएगा, कहना मुश्किल है। गाेविंद नगर के अलावा आवास-विकास, दयालपुर, बदनपुर आदि मोहल्लों में भी सड़कों की हालत बहुत खराब है।
लोग बोले-कोई सुनने वाला नहीं
गोविंद नगर में बाईपास से जाने वाला रास्ता ऊबड़-खाबड़ है। बारिश के दिनों में यहां से निकलना परेशानी भरा होता है। इसके पक्का होने के बाद ही राहत मिलेगी।
- नैतिक
मोहल्ले में जलभराव की समस्या है। इसके साथ ही रास्ते कच्चे हैं। जलनिकासी का इंतजाम नहीं है। शहर में गांव जैसा हाल है। कोई सुनने वाला नहीं है।
-शंकर कुमार
जलभराव के दृष्टिगत यह निर्णय लिया गया है। पानी भर जाने के चलते यहां कीचड़ जमा हो जाता था। पानी की निकासी हो सके, इसलिए कार्य कराया जा रहा है। कई मोहल्लों में सड़कें बनवाने का प्रस्ताव तैयार कराया जा रहा है। जल्द काम शुरू कराया जाएगा। - रामआसरे कमल, ईओ, नगर पालिका
फोटो-10- गोविंदनगर में ऊबड़खाबड़ रास्ता। संवाद
फोटो-10- गोविंदनगर में ऊबड़खाबड़ रास्ता। संवाद
फोटो-10- गोविंदनगर में ऊबड़खाबड़ रास्ता। संवाद
फोटो-10- गोविंदनगर में ऊबड़खाबड़ रास्ता। संवाद
फोटो-10- गोविंदनगर में ऊबड़खाबड़ रास्ता। संवाद