जलनिगम द्वारा बिछाई जा रही पाइप लाइन से आम जनमानस बुरी तरह से त्रस्त है। हालत यह है कि पाइप लाइन के लिए खोदी गई सड़कें व गलियां कई माह बाद भी ठीक नहीं कराई गई हैं। इससे लोगों को रास्ते से निकलने में परेशानी उठानी पड़ रही है।
हालत यह है कि सड़कों का लेबलिंग न किए जाने से सड़कें गड्ढ़ों में तब्दील हो गई हैं। लोगों में विभागीय अधिकारियों के प्रति खासा आक्रोश है।
जलनिगम की ओर से औरैया पेयजल पुनर्गठन योजना के तहत शहर में पेयजल आपूर्ति को नई पाइप लाइन बिछाई जा रही है। इस पाइप लाइन के बिछाए जाने के नाम पर शहर की आधे से अधिक सड़कें अभी तक खोदी जा चुकी हैं।
खास बात यह है कि विभागीय इकरारनामे में पाइप लाइन बिछाने वाले ठेकेदारों को पाइप लाइन बिछाने के एक-दो माह बाद सड़क को दुरस्त करके पूर्व की भांति किए जाने के आदेश हैं। बावजूद इसके ठेकेदारों की मनमानी हावी है। इसके चलते आम लोगों का राह चलना दूभर हो गया है।
शहर में लगभग 165 किलोमीटर पाइप लाइन बिछाई जा चुकी है। नियम तो यह है कि टेस्टिंग के बाद ही सड़क की मरम्मत की जाएगी। इसके लिए हम लोग जल्द से जल्द लाइन टेस्टिंग की तैयारी कर रहे हैं।
बिना टेस्टिंग के सीसी रोड का निर्माण कराने से लीकेज पाइप लाइन का पता नहीं चल पाएगा। इससे उपभोक्ताओं को और परेशानी होगी। जैसे-जैसे टेस्टिंग होती जाएगी। सड़क की मरम्मत का काम शुरू करा दिया जाएगा। देवेंद्र सिंह, एक्सईएन, जलनिगम