पीडब्लूडी गेस्ट हाउस में वार्ता करते कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव साथ में बिधूना विधायक प्रमोद गुप्ता एलएस।
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शहर में एक व्यवसायिक प्रतिष्ठान का उद्घाटन करने आए कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने मथुरा के जवाहर पार्क की घटना में बीजेपी का हाथ बताया। कहा कि वहां पर रामवृक्ष के लिए बीजेपी की ओर से ट्रेनिंग सेंटर चलाया जा रहा था। वहीं कैराना की घटना पर बोले कि बीजेपी चुनाव आने पर इस तरह की सांप्रदायिक द्वेष भावना फैलाने लगती है। वहां पर किसी परिवार ने पलायन तो नहीं किया हां तीन सालों में 1700 हिंदू परिवारों की संख्या बढ़ी है।
पीडब्लूडी गेस्ट हाउस में प्रेसवार्ता के दौरान कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि उनकी पार्टी का कोई भी नेता हो यदि वह जमीन पर कब्जा करता है और यह बात जांच में सामने आ जाएगी तो उसके तत्काल पार्टी से निकाल दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि मथुरा के जवाहर पार्क में आरएसएस और भाजपा के लोगों की ओर से रामवृक्ष के लिए ट्रेनिंग सेंटर चलाया जाता था। यह बात सरकार की ओर से कराई गई जांच में सामने आ गई है। जवाहर पार्क में पिछले दो सालों से कई राज्यों के लोग आते थे। इसकी जानकारी केंद्र सरकार को क्यों नहीं हुई। केंद्रीय गृह मंत्री क्या कर रहे थे। उनकी इंटेलीजेंस ब्यूरो क्या कर रही थी। मुझे तो सूचना मिल गई थी, लेकिन वहां पर बच्चों और महिलाओं की संख्या को देखते हुए उसे कोर्ट के आदेश के तहत खाली कराया गया। इस मामले में जांच कराई जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि वह इस बात की कसम खाते हैं कि वह किसी भी अपराधी को पूरे प्रदेश में टिकट नहीं देंगे। लेकिन इसके लिए भाजपा को भी कसम खानी होगी कि वह पूरे प्रदेश में कहीं पर भी दंगा नहीं कराएगी। भाजपाई यदि प्रदेश में दंगा कराने का प्रयास करेंगे तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कैराना की भी रिपोर्ट आ गई है। मुजफ्फरनगर में भी भाजपा ने दंगा कराने का का किया था। वहीं सरकार ने चुनाव से पहले जो भी वायदे किए थे, उन्हें तीन साल के कार्यकाल में ही पूरा किया जा चुका है। पूरे प्रदेश में विकास कार्यों का जोर है।
पुलिस पर बरसे पूर्व मंत्री
पीडब्लूडी गेस्ट हाउस में कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव जब पत्रकारों से रूबरू हो रहे थे तो गेस्ट हाउस के मेन गेट पर तैनात पुलिस कर्मी देर से पहुंचे पत्रकारों को गेस्ट हाउस में घुसने नहीं दे रहे थे। इसकी जानकारी जब पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री चौधरी रामबाबू यादव को मिली तो उन्होंने इसकी शिकायत कैबिनेट मंत्री से करते हुए गुस्से का इजहार किया। उन्होंने तुरंत सीओ सदर को निर्देशित कर पत्रकारों को प्रेस वार्ता में शामिल होने के लिए बुलवाया।