औरैया। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम मनराज सिंह ने सदर कोतवाली क्षेत्र के सात साल पुराने मामले में एक पड़ोसी किशोरी के साथ लैंगिग उत्पीड़न के दोषी चार भाइयों को तीन-तीन साल के कारावास की सजा सुनाई है।
अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे डीजीसी अभिषेक मिश्रा, विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो जितेंद्र सिंह तोमर व मृदुल मिश्रा ने बताया कि सदर कोतवाली क्षेत्र निवासी युवती ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी 16 वर्षीय छोटी बहन के साथ पड़ोसी शरीफ अली और उसके भाई भौंदू, बाबू व आबिद अक्सर अश्लील हरकतें कर छेड़ते थे। 21 मार्च 2015 की शाम पांच बजे वह दुकान से सामान लेकर घर आ रही थी।
रास्ते में बाबू व आबिद ने उससे अभद्रता कर साथ चलने के लिए कहा। बहन रोते हुए घर आई और मां को सारी बात बताई। उसी दिन शाम छह बजे आरोपी चारों भाई गालीगलौज करते हुए घर में घुस आए और छोटी बहन का हाथ पकड़कर छेड़छाड़ की। शोर मचाने पर आरोपी मारपीट कर भाग गए। आरोप पत्र दाखिल होने के बाद यह मामला विशेष न्यायाधीश पॉक्सो मनराज सिंह की कोर्ट में चला। अभियोजन की ओर से जितेंद्र सिंह तोमर व मृदुल मिश्रा ने इसे गंभीर प्रकृति का अपराध बताकर कठोर दंड की मांग की।
वहीं, बचाव पक्ष ने गरीबी व प्रथम अपराध की दुहाई देते हुए रहम की मांग की। दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे मनराज सिंह ने चारों भाइयों शरीफ, भौंदू, बाबू व आबिद को तीन-तीन साल के कारावास व 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अधिवक्ता मृदुल मिश्रा ने बताया कि कोर्ट ने जमा कराई गई अर्थदंड की धनराशि में से आधी धनराशि पीड़िता को चिकित्सीय कार्यों एवं पुनर्वास की पूर्ति के लिए दिए जाने का भी आदेश दिया है।