वर्ष 2022 में पांच अप्रैल को आरोप तय होने के बाद सुनवाई शुरू की गई। तब से लगातार गवाही पूर्ण कराई जा रही है, लेकिन तत्कालीन थानाध्यक्ष दिबियापुर शिवकुमार व दरोगा रियाज अहमद के गवाही पर न आने से यह मुकदमा निस्तारित नहीं हो पा रहा है।
कोर्ट ने पहले भी इन दोनों के विरुद्ध गैर जमानती वारंट जारी कर एसपी से दोनों को न्यायालय में उपस्थित कराने हेतु लिखा था। सोमवार को सुनवाई के दौरान भी दोनों साक्षी जब कोर्ट में हाजिर नहीं हुए तो न्यायालय ने दोनों के विरुद्ध दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 82 व 83 का कुर्की वारंट एक साथ जारी किया। मामले में अगली सुनवाई तिथि 29 मई तय की गई है।