खुले आसमान ने नीचे जिंदगी बिताने वालों को कांशीराम कालोनी कब नसीब होगी, इस बात से गरीब, भूमिहीन परेशान हैं। तैयार खड़े आवास अभी भी लोगों को मुंह चिढ़ा रहे हैं। बसपा कार्यकाल में बने आवास अब सपा सरकार के कार्यकाल में शो पीस बनकर रह गए हैं।
बताते चलें कि बिधूना क्षेत्र में कांशीराम योजना के अंतर्गत 564 आवास बनकर तैयार हो गए हैं। गरीबों को उम्मीद थी कि इस बार उन्हें पक्के मकान में रहने को मिल जाएगा। यह आवास बनकर तैयार हो चुके हैं। पानी की टंकी, दरवाजे, विद्युतीकरण आदि सबकुछ हो चुका है लेकिन आवंटन प्रक्रिया शुरू नहीं कराई गई।
जिससे आवासों का लाभ गरीबों को नहीं मिल पा रहा है। दो वर्षों से लटकी प्रकिया से स्थानीय गरीब मायूस हैं। देखरेख के अभाव में इन आवासों में अब जुआरी और स्मैक की लती लोग भी घूमते देखे जा सकते हैं। वहीं, आवास से दरवाजे, नल की टोटियां व फिटिंग का सामान भी चोरी होना शुरू हो गया है।