औरैया। मानसून कमजोर होने से खरीफ की फसल की बुआई प्रभावित हो रही है। सबसे ज्यादा धान के किसान प्रभावित हुआ है। इसके अलावा अन्य फसलें की बोआई भी बाधित हो रही है। जिले में एक लाख एक हजार 678 हेक्टेयर में खरीफ की फसलों की बुआई का लक्ष्य रखा गया है। जबकि अभी तक 58222.54 हेक्टेयर फसलों की ही बुआई हो सकी है।
जिले में सबसे ज्यादा 47896 हेक्टेयर में धान, 31985 हेक्टयर में बाजरा निर्धारित है, लेकिन अभी तक दोनों की बुआई 50 फीसदी से कम हो सकी है। मानसून कमजोर होना इसका प्रमुख कारण माना जा रहा है। कम पानी वाली फसल मक्का और ज्वार की फसल की बुवाई का लक्ष्य के हिसाब से शत शत प्रतिशत पूरा हो चुका है।
उधर, इस संबंध में उप कृषि निदेशक विजय कुमार का कहना है कि खरीफ की फसल की बुआई की शुरूआत मई, जुन जुलाई, अगस्त तक होती है। बहुत कुछ मौसम और बारिश पर निर्भर करता है। इस वर्ष अपेक्षित बारिश न होने से खरीफ की धान और बाजरा जैसी फसलों पर पड़ा है।