रुरुगंज। चार दिन से खेत में टूटे पड़े पोल को जानकारी दिए जाने के बाद भी दुरुस्त न किए जाने से चपेट में आकर मवेशियों की मौत हो गई। वहीं एक किशोरी झुलस गई। बिजली विभाग की इस लापरवाही को लेकर ग्रामीणों में खासा आक्रोश दिखाई दिया।
रुरुखुर्द गांव में हरीकिशन के खेत पर बिजली के तार और पोल टूटे पड़े थे। सोमवार को इसी गांव निवासी अनुज बाथम की छोटी बहन राखी मवेशियों को चराकर वापस लौट रही थी। इसी बीच रास्ते में हरीकिशन के खेत में भरे पानी को देख मवेशी उसमें पानी पीने लगे। जहां पानी में तार टूटे पड़े होने के कारण उतरे करंट की चपेट में आने से तीन मवेशियों की मौत हो गई। मवेशियों को करंट की चपेट में आकर गिरता देख मवेशी बचाने पहुंची रखी भी झुलस गई।
हालांकि उसने किसी तरह से अपने आप को बचाया। इसी दौरान उधर से गुजर रहे राहगीराें पर उस पर नजर पड़ी। राहगीरों ने घटना की जानकारी ग्रामीणों को दी। ग्रामीणों की सूचना पर आपूर्ति बंद कराई गई। पीड़ित अनुज बाथम में बताया कि इस घटना से उसे एक लाख रुपये का नुकसान हुआ है। घटना के बाद न तो अधिकारी मौके पर पहुंचे और न ही कर्मचारी जिससे ग्रामीणों में आक्रोश देखने को मिला। अवर अभियंता प्रभुदयाल ने बताया कि सूचना मिली है। घटनास्थल पर जाकर जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।