औरैया। 28 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त हो गई है। संगठन के प्रांतीय नेताओं की बुधवार को अपर मुख्य सचिव के साथ बैठक हुई, जिसमें इसी माह समस्याओं के निस्तारण का आश्वासन मिलने पर हड़ताल समाप्त की गई।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तर प्रदेश के आह्वान पर 28 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा था। 14 फरवरी को प्रदेश के प्रत्येक जिले में धरना, 21 व 2 फरवरी को हड़ताल घोषित थी। इसको स्थगित कर दिया गया है। परिषद के पदाधिकारियों ने बताया कि बुधवार को लखनऊ में परिषद के प्रांतीय पदाधिकारियों और अपर मुख्य सचिव के साथ हुई बैठक में समस्याओं के निराकरण का आश्वासन दिया गया। बताया कि बैठक में मुख्य रूप से उपरोक्त बिंदुओं पर समयबद्ध निर्णय के साथ पुरानी पेंशन लागू किए जाने की मांग पर अपर मुख्य सचिव ने आश्वस्त किया कि केंद्र सरकार द्वारा किए गए संशोधन को राज्य सरकार द्वारा लागू कर दिया गया है तथा भविष्य में केंद्र सरकार द्वारा इसमें जो भी संशोधन या परिवर्तन किया जाएगा उन्हें उत्तर प्रदेश में भी लागू किया जाएगा। इसके साथ ही वेतन समिति द्वारा संस्तुत फील्ड कर्मचारियों को मोटरसाइकिल भत्ता सहित विभिन्न भत्तों के संशोधन, पदोन्नति हेतु ए सी आर में अतिउत्तम की बाध्यता समाप्त करने संबंधी स्पष्टीकरण, केजीएमयू कर्मचारियों की भत्तों आदि मांगो पर इसी माह निर्णय करने के लिए आश्वासन दिया।
बताया कि अपर मुख्य सचिव द्वारा रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद के साथ हुए समझौता को लागू करने सहित कर्मचारियों की मांगों पर वाता के लिए प्रमुख सचिव को निर्देशित किया। इसके साथ ही वाणिज्य कर विभाग के लिपिकीय संवर्ग का कार्य एवं दायित्व निर्धारण के लिए अपर मुख्य सचिव वाणिज्य कर को संघ के साथ वार्ता कर समयबद्ध निस्तारण के लिए निर्देश दिए। अपर मुख्य सचिव कार्मिक से विस्तृत वार्ता के बाद प्रतिनिधिमंडल मुख्य सचिव से भी मिला। मुख्य सचिव ने वार्ता में बनी सहमति के अनुसार लिए गए निर्णय को शीघ्र लागू कराने की बात कहते हुए की बात कहते हुए घोषित आंदोलन को समाप्त करने के लिए कहा।
-वेतन विसंगतियों का होगा इसी माह निस्तारण का भरोसा
-इसी माह सभी समस्याओं का हल होने की उम्मीद
अमर उजाला ब्यूरो