नगरीय निकाय चुनाव 2017 का चुनावी शोर शुक्रवार की शाम पांच बजे थम जाएगा। इसके बाद कोई भी प्रत्याशी प्रचार नहीं कर सकेगा। न रैली निकलेगी और न जुलूस। 25 नवंबर की शाम तक सभी बूथों पर पोलिंग पार्टियां पहुंच जाएंगी। इनके ठहरने की व्यवस्था प्रशासन ने मतदान केंद्र पर की है।
नामांकन के बाद से नगर पालिका परिषद व नगर पंचायतों में चेयरमैन व सभासद पद के उम्मीदवार जोरशोर से मतदाताओं को लुभाने में जुटे हैं। कोई वोटरों से विकास के वादे कर रहा है तो कोई जीतने के बाद शहर को चमन बनाने की बात कह रहा है। चूंकि 26 नवंबर को वोटिंग होगी। इसलिए प्रशासन प्रत्याशियों के चुनाव पर भी विराम लगाएगा।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी महमूद आलम अंसारी ने बताया कि मतदान समाप्ति से अड़तालिस घंटे पहले चुनाव प्रचार बंद होता है। शुक्रवार शाम पांच बजे चुनाव प्रचार पर पूरी तरह रोक लगा दी जाएगी। इसके बाद यदि कोई प्रत्याशी जुलूस निकालकर प्रचार करता पाया जाता है या फिर अधिक संख्या में घूमता नजर आता है तो उसके खिलाफ सीधे एफआईआर लिखाई जाएगी। सभी पोलिंग पार्टियां 25 नवंबर की शाम तक बूथों पर पहुंच जाएंगी। वहीं पर रात भर रहेंगी और सुबह से मतदान कार्य कराएंगी।