पालिका बोर्ड की बैठक में हंगामा करते सभासदों को समझातीं पालिका अध्यक्ष।
नगर पालिका बोर्ड की पहली बैठक में पालिका के जर्जर भवन को ध्वस्त कर नए भवन के निर्माण के विरोध में कुछ सभासदों ने जमकर हंगामा किया। सभासदों के हंगामे को देखकर चेयरमैन शशि जैन ने विवादित प्रस्ताव को एजेंडे से बाहर निकाला। इसके बाद मामला शांत हुआ। हालांकि हंगामे के बीच छह प्रस्तावों पर बोर्ड ने अपनी मुहर लगा दी। कुछ सभासदों ने बोर्ड की बैठक में महिला सभासदों के पतियों के बैठने की मांग की। जिस पर चेयरमैन और ईओ ने साफ इनकार कर दिया है। खास बात यह रही कि पहली ही बैठक में शहर को ओडीएफ घोषित कर दिया है।
शनिवार को दोपहर तीन बजे नगर पालिका सभागार में नव निवार्चित बोर्ड की बैठक शुरू हुई। जिसमें चेयरमैन शशि जैन ने सभासदों से शहर की प्रमुख समस्याओं पर विचार किया। लेकिन शांत माहौल में खलल तब पड़ गई जब नगर पालिका ईओ ने जर्जर भवन को ध्वस्त कर नए कार्यालय भवन का निर्माण के साथ दुकानें और पार्किंग तैयार कराने के प्रस्ताव पर मंजूरी मांगी। जिस पर हंगामा शुरू हो गया। कुछ सभासद इस प्रस्ताव के विरोध में उतर आए। इसके बाद चेयरमैन ने किसी तरह हंगामा कर रहे सभासदों को समझा बुझाकर शांत किया। इस दौरान प्रतीक शर्मा, वीर अभिमन्यु, अंकित गुप्ता, पूजा राठौर, चंद्रगुप्त मौर्य, नूर नबी, अब्दुल जब्बार, मुम्ताज खां, सिराजुद्दीन, सरताज आलम, जुबैर सैफ आदि सभासद मौजूद रहे।