मोबाइल से सेल्फी लेने के क्रेज ने एक परिवार के होली के रंग में भंग कर दिया। होली के दिन मोबाइल से सेल्फी लेने के लिए नजीबाबाद पैसेंजर ट्रेन की एक बोगी की छत पर चढ़े छात्र की ऊपर से जा रही बिजली लाइन की चपेट में आने से मौत हो गई। जोरदार ब्लास्ट के साथ छात्र बोगी की छत पर गिर कर ढेर हो गया।
हादसा इतना भयावह था कि स्टेशन पर खड़े यात्रियों में भगदड़ का माहौल हो गया। चीख पुकार मच गई। मौके पर पहुंची जीआरपी ने शव को कब्जे में कर लिया। परिजनों के आग्रह पर जीआरपी ने पंचनामा भर कर शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। वहीं सूचना पाकर स्टेशन पर पहुंचे परिजन शव देख कर बिलख पड़े। पीड़ित परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
मंडी धनौरा के मोहल्ला शिवपुरी निवासी विनीत (13) पुत्र बलजीत सिंह ब्राइट कैरियर पब्लिक स्कूल धनौरा में कक्षा सात का छात्र था। होली के दिन सोमवार की सुबह विनीत अपने मोहल्ले के ही दोस्त अंशुल, विक्की, प्रिंस व भोला के साथ अपने चाचा अमरजीत कोहली निवासी मोहल्ला शास्त्री नगर से होली मिलने के लिए आया था।
दोपहर करीब एक बजे विनीत दोस्तों के साथ मुरादाबाद-नजीबाबाद पैसेंजर ट्रेन से मंडी धनौरा जाने के लिए स्टेशन पर पहुंचा। प्लेटफार्म नंबर एक पर ट्रेन खड़ी थी। उसी समय मोबाइल से सेल्फी लेने के लिए विनीत प्लेटफार्म के दूसरी साइड से सिग्नल पर चढ़ कर ट्रेन की बोगी पर चढ़ गया।
जबकि दोस्त प्लेटफार्म पर थे। दोस्तों ने जब विनीत को बोगी की छत पर देख तो शोर मचा। जब तक लोग कुछ समझ पाते। ट्रेन के ऊपर से जा रही 37000 वोल्ट की इलेक्ट्रिक लाइन की चपेट में आ गया। हाईटेंशन लाइन की चपेट में आते ही जोरदार धमाके के साथ ब्लास्ट हुआ और विनीत झुलस कर बोगी की छत पर गिर कर ढेर हो गया।
शरीर काला पड़ गया। शरीर से धुआं उठने लगा। हादसा देख प्लेटफार्म पर कुछ देर के लिए भगदड़ मच गई। चीख पुकार मचने लगी। शोर होने पर जीआरपी तत्काल मौके पर पहुंची और शव कब्जे में कर लिया।
रोकते रहे दोस्त, नहीं माना विनीत
गजरौला। बताया जाता है कि विनीत अपने दोस्तों से ये कह कर ट्रेन की बोगी की छत पर चढ़ा था कि वह मोबाइल से सेल्फी लेगा। दोस्तों ने उसे रोकने की कोशिश की। दोस्त अंशुल, विक्की, प्रिंस व भोला का कहना है कि वह प्लेटफार्म पर थे। सेल्फी की बात पर उन्होंने विनीत को चेताया था लेकिन विनीत झांसा देकर पटरी की दूसरी साइड से सिग्नल पर चढ़ कर ट्रेन की बोगी पर चढ़ गया। इससे पहले वह कुछ करते। विनीत बिजली लाइन की चपेट में आ गया।
अमरोहा से कर्मियों से कटवायी गई लाइन
गजरौला। हादसे में विनीत की मौत के बाद जब ाव ट्रेन की बोगी की छत पर पड़ा तो हाईटेंशन लाइन की वजह से मौके पर पहुंची जीआरपी भी कुछ देर के लिए हाथ पर हाथ धरे बैठी रही। क्योंकि इसी हाईटेंशन लाइन की चपेट में आकर विनीत की मौत हुई थी। जीआरपी ने तत्काल अमरोहा रेलवे विभाग को घटना की जानकारी दी। जिससे करीब एक घंटे बाद रेलवे बिजली विभाग से कर्मचारी मौके पर पहुुंचे और हाईटेंशन लाइन काटी। तब कहीं जीआरपी कर्मियों ने बोगी पर चढ़ कर शव को नीचे उतारा।
शव देख सुधबुध खो बैठी मां
गजरौला। हादसे की सूचना पाकर जब परिजन मौके पर पहुंचे तो बोगी की छत पर झुलसे विनीत के शव को देख कर बिलख पड़े। मां क्रांति देवी शव देख सुधबुध खो बैठी और बेहोश हो गई। पीड़ित मां के साथ आये अन्य परिजनों का रो-रोकर बुराहाल था। पिता बलजीत सिंह की आंखों से आंसू नहीं थम रहे थे। विनीत दो भाई और एक बहन में सबसे बड़ा था।