इस दौरान पुलिस सुरक्षा के साथ सत्संग मंडल के सेवादारों ने व्यवस्था बनाए रखी। बाबा हरदेव सिंह के दर्शन के लिए शाम पांच बजे से ही महिलाओं और पुरुषों की लंबी कतार लग गई। बाबा शाम साढ़े पांच बजे जब मंच पर पहुंचे। करीब साढ़े आठ बजे उन्होंने प्रवचन शुरू करते हुए विश्व शांति का पाठ पढ़ाया।
कहा, निरंकारी मिशन सर्वधर्म समभाव, मानव एकता, विश्व शांति है। भाईचारे से ही कठिन से कठिन परेशानियों की दीवार को तोड़ा जा सकता है। ये तब ही संभव है जब परमात्मा को नजदीक से जाना जाए। बताया जाता है कि निरंकारी बाबा हरदेव सिंह को दो बार विश्व गांधी शांति अवार्ड से नवाजा जा चुका है।
इस अवार्ड से बाबा को भारत में सम्मानित किया गया था। मुखी गुलाबदास, जिला संयोजक राधेश्याम अरोड़ा, जोनल इंचार्ज मेरठ भूपेंद्र सिंह, सेवादल संचालक ब्रजपाल सरन समेत मुख्य सहयोगी गुलशन पुरी, गोपालदास, अशोक कुमार, मनदीप सिंह, परवेंद्र सिंह आदि अन्य शहरों से आए सेवादारों ने व्यवस्था संभाली। थाना पुलिस फोर्स के साथ पीएसी भी तैनात रही।
निरंकारी बाबा के दर्शन के लिए हाइवे के किनारे वाहनों की कतार लग गई। मुरादाबाद मंडल, बरेली मंडल के मेरठ, मुरादाबाद, संभल, चंदौसी, बिजनौर, अमरोहा समेत तमाम उत्तराखंड प्रांत से अनुयायी पहुंचे। इस दौरान भीड़ को नियंत्रित करने के लिए संत निरंकारी सत्संग मंडल के तीन हजार सेवादार लगाए गए। इतना ही नहीं पुलिस और पीएसी भी मौजूद रही। इसके अलावा सत्संग परिसर में प्याऊ, कैंटीन, चिकित्सा व्यवस्था, पुलिस कंट्रोल रूम, फायर फोर्स की व्यवस्था की गई। खोया पाया केंद्र भी खोला गया।