समाजवादी पार्टी से धनौरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक एम. चंद्रा का टिकट पार्टी ने काट दिया है। हाईकमान ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए इस सीट से उर्वशी पर भरोसा जताया है। जिला पंचायत सदस्य रह चुकीं उर्वशी ने पिछला विधानसभा चुनाव महान दल से लड़ा था।
फिलहाल धनौरा विधानसभा क्षेत्र अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है। एम. चंद्रा का टिकट कटने से उनके समर्थक सकते में हैं। इधर धनौरा सीट से दावेदारी पेश्ा कर रहे धनौरा विधायक एम चंद्रा के बेटे और टिकट के दावेदार कपिल चंद्रा ने टिकट न मिलने पर भी चुनाव लड़ने की बात कही है।
पिछले विधानसभा चुनाव में सपा ने पूर्व अफसर एम. चंद्रा को अपना प्रत्याशी बनाया था। राजनीति में आते ही एम. चंद्रा ने सीट जीत कर सभी को चौंका दिया था। इस बार एम. चंद्रा अपने पुत्र कपिल चंद्रा के टिकट के लिए जोर लगाए हुए थे, लेकिन सपा ने इस बार उनको टिकट न देकर उर्वशी पर भरोसा जताया है।
अनुसूचित जाति की महिला उर्वशी ने धनौरा विधानसभा क्षेत्र में असर रखने वाली जाट बिरादरी के मुकेश चौधरी से विवाह किया है। संभवत: सपा ने क्षेत्र में जाट और जाटव मतदाताओं के गठजोड़ के मद्देनजर रखते हुए उर्वशी पर भरोसा जताया है।
धनौरा विधानसभा क्षेत्र में जाट और जाटव मतदाता निर्णायक भूमिका में हैं। उर्वशी कम्प्यूूटर साइंस में एमएससी कर चुकी हैं। उनका कहना है कि नेताजी ने टिकट देकर उन पर जो विश्वास जताया है, उस पर क्षेत्र की जनता के सहयोग से खरा उतरने की कोशिश करूंगी।