गजरौला(अमरोहा)। पितृ विसर्जन अमावस्या पर गंगा स्नान और पितरों का तर्पण करने पहुंचे श्रद्धालुओं को जाम के कारण भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। तिगरी-गजरौला मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। हालात ऐसे रहे कि सुबह छह बजे से दोपहर करीब एक बजे तक वाहन जाम में फंसे रहे और लोगों को पैदल निकलने तक का रास्ता नहीं मिला। वहीं, नेशनल हाईवे पर भी वाहनों का दबाव बढ़ने से गाड़ियां रेंग-रेंगकर आगे बढ़ीं। जाम में फंसे श्रद्धालु बेबस होकर रास्ता खुलने का इंतजार करते रहे।
शनिवार को पितृ विसर्जन अमावस्या पर तिगरी गंगा में स्नान कर पितरों का तर्पण करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। कोई दोपहिया वाहन से आया तो बड़ी संख्या में लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली और ई-रिक्शा से गंगा घाट तक पहुंचे। सुबह से ही श्रद्धालुओं के वाहनों की संख्या बढ़ने लगी, जिससे तिगरी-गजरौला मार्ग पर यातायात का दबाव बढ़ता चला गया। देखते ही देखते सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। फाजलपुर रेलवे फाटक बार-बार बंद होने के कारण जाम की समस्या और गंभीर हो गई। दोनों ओर वाहनों की कतारें लगने से आवागमन बाधित हो गया। श्रद्धालु अपने वाहनों में फंसे रहे। दोपहर करीब एक बजे तक तिगरी मार्ग पर जाम के हालात बने रहे।
यातायात को सुचारु कराने में पुलिसकर्मियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। तिगरी मार्ग के साथ नेशनल हाईवे पर भी श्रद्धालुओं के वाहनों की अधिक संख्या के कारण यातायात की रफ्तार धीमी रही। वाहन रेंगते हुए गंतव्य की ओर बढ़ते रहे। इससे राहगीरों और दूसरे वाहन चालकों को भी परेशानी हुई।
सीओ अंजलि कटारिया ने बताया कि हाईवे पर जाम नहीं लगा था, लेकिन वाहनों का दबाव अधिक होने से उनकी रफ्तार धीमी रही। तिगरी मार्ग पर जाम की स्थिति बनी थी।