नौगांवा सादात (अमरोहा )। बैंक खाते में एक लाख रुपये भेजने का झांसा देकर साइबर ठग ने दवा विक्रेता को लिंक भेज कर उनके खाते से ही तीन हजार रुपये ट्रांसफर कर लिए। खाते से रुपये कटते ही दवा विक्रेता के होश उड़ गए। उन्होंने थाना पुलिस और साइबर सेल में शिकायती पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। हैरान करने वाली बात ये है कि जिस नंबर से फोन किया गया था वह एटा मैनपुरी में चल रहा है। जबकि जिस खाते में पैसे पहुंचे हैं वह बिजनौर जनपद की एक बैंक में है। इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि साइबर ठगों का जाल किस तरह फैला हुआ है।
नौगांवा सादात थानाक्षेत्र के अदलपुर सम्दू में रहने वाले डॉ. अजमेर अली नौगांवा कस्बा स्थित मोती मस्जिद के सामने मेडिकल चलाते हैं। कुछ दिन पहले उन्होंने अपना प्लॉट जावेद नाम के व्यक्ति को बेचा था। अजमेर अली ने बुधवार को जावेद से अपने बकाया एक लाख रुपये मांगे। लिहाजा जावेद ने अपने साले से संपर्क किया और एक लाख रुपये दवा विक्रेता अजमेर अली को देने की बात कही। लेकिन इसी बीच साइबर ठगों ने जावेद और उनके साले के बीच हुई बातचीत को हैक कर लिया।
साइबर ठग ने जावेद को फोन किया और एक लाख रुपये खाते में भेजने की बात कही। जावेद छोटा फोन चलाते हैं, इसलिए वह दौड़ कर अजमेर अली के पास पहुंचे। इस दौरान साइबर ठग ने अजमेर अली को एक लिंक भेजा और उसे खोलने के लिए कहा। अजमेर अली को थोड़ा शक हुआ तो उन्होंने लिंक को खोलने से इन्कार कर दिया। लेकिन साइबर ठग ने उन्हें बरगला कर झांसे में ले लिया। जैसे ही अजमेर अली ने लिंक पर क्लिक किया तभी उनके खाते से 3067 कट गए। गनीमत रही अजमेर अली के खाते में केवल उतने ही पैसे थे वरना और भी बड़ी ठगी हो सकती थी। पीड़ित अजमेर अली का कहना है कि तीन दिन पहले सवा 3 लाख रुपये वह खाते में जमा करने गए थे, किसी वजह से पैसे जमा नहीं हो सके वरना सभी रुपये ठग लिए जाते।