फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मनरेगा फर्जीवाड़ा : एफआईआर रद्द कराने हाईकोर्ट पहुंचे निलंबित कर्मचारी

Sat, 12 Apr 2025 01:44 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
विज्ञापन
विज्ञापन
अमरोहा।
विज्ञापन

क्रिकेटर मोहम्मद शमी की बहन शबीना व बहनोई गजनबी सहित अन्य परिवार के सदस्यों को मनरेगा मजदूर दर्शाने के मामले में फंसे ब्लाॅक कर्मचारियों ने हाईकोर्ट की शरण ली है। इनमें तत्कालीन पंचायत सचिव हुमा परवीन, अंजुम और पृथ्वी सिंह ने एफआईआर रद्द करने की अपील की है।
हालांकि, शासकीय अधिवक्ता पर सरकारी दस्तावेज नहीं होने के कारण शुक्रवार को मामले में सुनवाई नहीं हो सकी। अब 21 अप्रैल को सुनवाई होगी। मामले की सुनवाई डबल बैंच करेगी। उधर, तत्कालीन लेखाकार विजेंद्र पाल सिंह ने भी शुक्रवार को एफआईआर रद्द कराने के लिए याचिका दायर की है। मामले में अगली सुनवाई कब होगी, इसके लिए कोई तारीख नियत नहीं हुई है। कोर्ट दोनों याचिकाओं पर एक साथ भी सुनवाई करता है।
विज्ञापन

पलौला गांव में क्रिकेटर मोहम्मद शमी की बहन शबीना, बहनोई गजनबी और अन्य परिवार के सदस्यों समेत 18 लोगों को मनरेगा मजदूरी दिलाने के मामले में जोया ब्लॉक के तीन तत्कालीन ग्राम पंचायत सचिव, एपीओ और लेखाकार समेत आठ लोगों के खिलाफ डिडौली कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। तीन मार्च की शाम जोया ब्लॉक बीडीओ लोकचंद ने दर्ज कराई एफआईआर में तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी पृथ्वी सिंह, अंजुम, हुमा परवीन, तत्कालीन लेखाकार विजेंद्र सिंह, तत्कालीन कंप्यूटर ऑपरेटर मनरेगा शराफत अली, तकनीकी सहायक अजय निमेश, तत्कालीन एपीओ बृजभान सिंह और सेवा मुक्त ग्राम रोजगार सेवक झम्मन सिंह को आरोपी बनाया गया है। सभी पर विश्वासघात करने का आरोप है।
तीनों पंचायत सचिव सहित सभी आठ कर्मचारियों के खिलाफ पहले ही निलंबन की कार्रवाई की जा चुकी है। इसके अलावा डीएम निधि गुप्ता वत्स ने एक बीडीओ प्रतिभा अग्रवाल और एक सचिव पर विभागीय कार्रवाई के लखनऊ को पत्र भेजा है। अधिवक्ता इफ्तेखार सैफी ने बताया कि तत्कालीन पंचायत सचिव हुमा परवीन, अंजुम और पृथ्वी सिंह ने एफआईआर रद्द कराने के लिए हाईकोर्ट की शरण ली है। इस मामले में 21 अप्रैल को सुनवाई होगी।
एपीओ की तलाश में डिडौली पुलिस ने दी दबिश

गजरौला। डिडौली कोतवाली पुलिस ने क्रिकेटर मोहम्मद शमी की बहन-बहनोई के मनरेगा के तहत गलत तरीके से जॉब कार्ड बनाने में नामजद एपीओ की तलाश में दबिश दी। हालांकि, वह पुलिस के हाथ नहीं लगा।
बृहस्पतिवार रात डिडौली कोतवाली पुलिस की टीम नगर मे आई। थाने में आमद दर्ज कराने के बाद पुलिस ने अवंतिका नगर मोहल्ले में दबिश दी। यहां पुलिस तत्कालीन अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी ब्रजभान सिंह की तलाश में आई। इस प्रकरण में एपीएओ सहित आठ अधिकारी-कर्मचारी नामजद हैं। उनके खिलाफ डिडौली कोतवाली में केस दर्ज है। उसने जाेया ब्लॉक की पलौला ग्राम पंचायत में क्रिकेटर मोहम्मद शमी की बहन-बहनोई के मनरेगा के जॉब कार्ड बनाए।
विज्ञापन


क्रिकेटर मोहम्मद शमी की बहन शबीना की सास गुले आयशा गांव की प्रधान हैं। पुलिस के आने की सूचना लीक हो जाने के कारण एपीओ पहले ही घर से भाग गया। जिसके चलते पुलिस बैरंग लौट गई। विवेचक इंस्पेक्टर हरीशवर्धन सिंह ने बताया कि नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दाबिश दी जा रही है। मामले में बीडीओ जोया से कुछ दस्तावेज मांगे हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें