गजरौला(अमरोहा)। दूरदराज से आ रहे श्रमिकों के साथ ‘फुटबाल’ का खेल जारी है। उनकी दिक्कतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। हापुड़ पुलिस उन्हें अपने ही जनपद की सीमा में रोकने के बजाए कंटेनर, ट्रक, डीसीएम, छोटा हाथी आदि वाहनों में बैठाकर अमरोहा जनपद की सीमा में भेज रही है। गंगा नदी का पुल पार करते ही अधिकांश वाहन चालक उन्हें नीचे उतार देते हैं और फिर बेचारे पैदल अथवा साइकिल से बिहार और पूर्वांचल की ओर सफर करने को विवश हैं। रात-रात भर यहां से श्रमिकों को जत्थे गुजर रहे हैं लेकिन अमरोहा पुलिस-प्रशासन को भी कोई सुधि नहीं है।
बुधवार को तड़के से ही हाईवे पर दिल्ली की दिशा से पैदल और साइकिलों पर प्रवासी श्रमिकों का आगमन शुरू हो गया था। बेचारे भूखे-प्यासे ही अपनी मंजिलों की ओर बढ़े जा रहे थे। वहीं हापुड़ जनपद के ब्रजघाट में मौजूद पुलिसकर्मी यातायात पुलिस के सिपाहियों की मदद से दिल्ली की दिशा से आने वाले मजदूरों को वहीं रोक रही थी। इसके बाद उन्हें अमरोहा जनपद की सीमा में जाने वाले वाहनों में बैठाया जा रहा था। कई श्रमिकों ने इनकार किया तो उन्हें फटकारते हुए जबरन गाड़ियों में ठूंसा गया। यह सिलसिला दिनभर चलता रहा। वहीं ब्रजघाट में गंगा नदी का पुल पार करते ही अधिकांश चालकों ने इन श्रमिकों को नीचे उतार दिया। इसके बाद ये पैदल और साइकिलों से गजरौला की ओर बढ़ते गए। खास बात यह है कि यहां भी हाईवे से रात-दिन श्रमिक गुजर रहे हैं लेकिन अमरोहा जिला-प्रशासन को भी कोई सुधि नहीं है।