अमरोहा। विनियमित क्षेत्र में बगैर नक्शा पास कराए प्लाटिंग करने वालों पर शिकंजा कसना तय है। शहर के आसपास इलाके में 14 ऐसे जगह चिह्नित की गई हैं। नियत प्राधिकारी ने तहसीलदार को जांच सौंपा है। उनसे भू-स्वामियों के नाम, पता और खसरा नंबर तलब किया है। ताकि उनके खिलाफ कार्रवाई हो सके।
नियत प्राधिकारी/एसडीएम सदर विवेक यादव ने विनियमित क्षेत्र में बगैर ले आउट पास कराए प्लाटिंग करने वालों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई का खाका तैयार किया है। दरअसल बगैर मानचित्र स्वीकृत कराने से आर्थिक नुकसान हो रहा है। इसके अलावा जमीन के खरीद फरोख्त से जुड़े लोग आम लोगों को फांस रहे हैं। इसके चलते प्लाट खरीदने वाले लोगों को बाद में कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। आम नागरिक प्लाट बेचने वालों के झांसे में नहीं आए और आर्थिक नुकसान से बचे। इसके लिए वह लोग उन्होंने कैलसा और नौगांवा सादात रोड में सर्वे कराया है, जिसमें 14 ऐसे प्लाटिंग वाले एरिया मिले हैं जिन्होंने बगैर ले आउट पास कराए जमीन की खरीद फरोख्त शुरू की है। प्लाटिंग करने वालों ने कॉलोनी के विकास के लिए निशानबंदी और सड़क निर्माण कराया है। तहसीलदार शमीम अहमद से भू-स्वामियों का नाम, पता और खसरा संख्या आदि का रिकार्ड तलब किया है।
यह हैं प्रमुख इलाके
अमरोहा। कैलसा रोड, बाहर चुंगी के दाएं और बाएं तरफ, अहरोई-कांठ बाईपास के बाएं तरफ, नौगांवा सादात रोड पर किशनगढ़ के साथ ही बाहर चुंगी, शोभा नगर आदि में प्लाटिंग की जा रही है।
बगैर ले आउट पास कराए प्लाटिंग करना नियम के खिलाफ है। कैलसा और नौगांवा सादात रोड पर 14 स्थल चिह्नित किए गए हैं। उनका राजस्व अभिलेख से मिलान कराने का निर्देश दिया है।
- विवेक यादव, नियत प्राधिकारी/एसडीएम सदर