बारिश ने शहर की सूरत बिगाड़ दी है। नगर गलियों से ही नहीं बल्कि सड़कों तक से निकलना दुश्वार हो गया है। हर तरफ कीचड़ व जलभराव नजर आया। घर में घुसने व बाहर जाने वाला प्रत्येक व्यक्ति विकट समस्या से दो चार हुआ। कई मोहल्लों में भरा पानी शाम तक कम नहीं हो सका।
गत शनिवार की रात से ही मौसम का मिजाज यूं तो ठीक नहीं था, लेकिन आधी रात बीतते ही आसमान में छाए बादलों ने बरसना शुरू कर दिया। हवा के झोंको से पानी की तीव्रता अधिक दिखाई दी। ग्रामीणों के लिए भले ही बारिश मुफीद साबित हुई, लेकिन शहरियों के लिए मुसीबत बनकर खड़ी हो गई। गली व मोहल्ले जलमग्न हो गए। सड़कें भी पानी के आगोश में समा गईं। घर से निकले लोग गंदे पानी से निकलकर ही मंजिल तक पहुंचे।
रविवार को दिन में भी बारिश हुई। इससे स्थिति और बिगड़ गई। नगर के आजाद मार्ग, अंबेडकर पार्क, नल नई बस्ती, कोतवाली के पास, कैलसा बाईपास मार्ग, कोट चौराहा, नौबत खाना, कुरैशी मोहल्ले पानी से लबालब हो गए। इन रास्तों से निकलने वाले लोगों को भारी दिक्कत उठानी पड़ी। बारिश के बाद जैसे ही पानी कम हुआ तो कीचड़ ने विकराल रूप ले लिया।